संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के क्षेत्रीय एकीकृत नाशी जीव प्रबंधन केंद्र, फरीदाबाद और कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अधिकारियों ने मंगलवार को कपास एवं धान की नर्सरियों का सर्वेक्षण किया। किसानों को कीट एवं रोगों की रोकथाम के लिए वैज्ञानिक एवं समेकित प्रबंधन उपायों की जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने किसानों को सलाह दी कि धान की बुवाई से पूर्व बीज उपचार अवश्य करें ताकि पिछले वर्ष देखे गए बौनेपन रोग सहित अन्य कीट एवं बीमारियों से बचाव किया जा सके। साथ ही यांत्रिक एवं जैविक कीट नियंत्रण उपायों को अपनाने पर भी जोर दिया गया।
किसानों को राष्ट्रीय कीट निगरानी प्रणाली मोबाइल अनुप्रयोग की जानकारी भी दी गई। संयुक्त सर्वेक्षण दल में क्षेत्रीय एकीकृत नाशी जीव प्रबंधन केंद्र, फरीदाबाद से सहायक वनस्पति संरक्षण अधिकारी डॉ. लक्ष्मीकांत एवं डॉ. केपी शर्मा, सहायक वनस्पति संरक्षण अधिकारी डॉ. बलवंत सिंह, खंड कृषि अधिकारी डॉ. दीपक शर्मा उपस्थित रहे।