रियो ओलंपिक में कांस्य पदक विजेता महिला पहलवान साक्षी मलिक को रविवार सुबह योगेश्वर दत्त के गांव भैंसवाल कलां में सम्मानित किया जाएगा। सम्मान समारोह में पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत करेंगे। हालांकि, गांव की दोनों पंचायतों के सरपंच सवाल उठा रहे हैं कि ग्रामीणों ने चंदा साक्षी मलिक को सम्मानित करने के लिए जुटाया था, न कि पूर्व सीएम को चांदी का मुकुट पहनाने के लिए। इस पर गोहाना के कांग्रेस विधायक जगबीर मलिक का कहना है कि चंदे के पैसे से साक्षी को ही सम्मानित किया जाएगा। अगर कोई पूर्व सीएम को चांदी का मुकुट पहनाएगा तो अपने पैसे खर्च करेगा।
मिठान पाना के सरपंच राजेश मलिक व बावला पाना की सरपंच मंजीता मलिक ने बताया कि ग्रामीणों ने गांव में कांस्य पदक विजेता साक्षी मलिक को सम्मानित करने का फैसला लिया था। चंदा एकत्र करते समय फैसला हुआ था कि सम्मान समारोह में कोई भी राजनीतिक हस्तक्षेप नहीं होगा, सिर्फ साक्षी मलिक को ही बुलाया जाएगा। दूसरा, भैंसवाल कलां के निवासी ही इस कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। यह केवल गांव का ही कार्यक्रम है। सरपंचों का आरोप है कि अब गांव के ही कुछ कांग्रेसी नेताओं ने सम्मान समारोह को राजनीतिक कार्यक्रम बनाकर पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा को मुख्यातिथि बना दिया और गांव के ही चंदे से हुड्डा को चांदी का मुकुट पहनाने की तैयारी की जा रही है। इसके वे विरोध करते हैं।
हुड्डा ने गांव के लिए 10 साल बहुत कुछ किया, विरोध गलत : विधायक
गोहाना विधानसभा के कांग्रेस विधायक जगबीर मलिक ने कहा कि किसी भी गांव में कोई कार्यक्रम होता है, उसमें गांव के लोगों और स्थानीय विधायक को बुलाया जाता है। अब गांव भैंसवाल कलां में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को बुलाया गया है तो पंचायत को इसका कोई विरोध नहीं करना चाहिए। क्योंकि उन्होंने गांव के विकास के लिए दस साल के कार्यकाल में अनेक घोषणाओं से गलियों को पक्का करवाया और गांव को स्टेडियम देकर एक आदर्श ग्राम का दर्जा दिलवाया। मलिक ने कहा कि गांव के चंदे से साक्षी मलिक को ही सम्मानित किया जाएगा।