सोनीपत। सुबह-शाम की ठंड के साथ हवा में सिहरन घुलने लगी है। प्रदूषण का स्तर अब भी चिंताजनक बना हुआ है। जिले में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) शनिवार को 251 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है। सुबह वातावरण में धुंध और धूल के मिश्रण की परत साफ दिखाई दे रही है, जिससे लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में परेशानी हो रही है।
मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को दिन का अधिकतम तापमान 27 और न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। एक दिन पहले अधिकतम तापमान 27.5 और न्यूनतम 11 डिग्री सेल्सियस था। दिनभर 8 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा चलती रही, उसके बाद भी प्रदूषण के स्तर में राहत नहीं मिली है।
उत्तर भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बर्फबारी के कारण मैदानी इलाकों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। आने वाले सप्ताह में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे (एकल अंकों) में पहुंचने की संभावना जताई गई है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉ. योगेश गोयल ने सलाह दी है कि बढ़ते प्रदूषण और ठंड के इस दौर में सुबह-शाम के समय बाहर निकलते समय मास्क का प्रयोग करें, गर्म कपड़े पहने और वृद्धजनों व श्वसन रोगियों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
एक्यूआई में नहीं हो रहा सुधार
तापमान में गिरावट व 8 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से हवा चलने के बाद भी वायु प्रदूषण के स्तर में भी गिरावट नहीं आई है। एक्यूआई 251 दर्ज किया गया। एक दिन पहले भी एक्यूआई 251 था। अब भी ग्रैप 2 के नियम लागू है और वायु गुणवत्ता की स्थिति खराब श्रेणी में बनी हुई है।
मौसम शुष्क बना है। उत्तर से ठंडी हवा मैदानी क्षेत्रों में पहुंच रही है, जिसके कारण न्यूनतम तापमान अब कम हो रहा है। अभी दिन में धूप खिली रहेगी। हवा की गति 8-10 किलोमीटर प्रति घंटा बनी हुई है, जिसके कारण प्रदूषण में कमी आ सकती है। कुछ स्थानों पर हल्के बादल छा सकते हैं।
- डॉ. प्रेमदीप सिंह, मौसम विज्ञानी, केवीके सोनीपत