गोहाना। गांव खेड़ी दमकन में सीआरपीएफ के जवान की हत्या के बाद फरार हुए दोनों आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर पाई है। दोनों नामजद आरोपियों के मोबाइल बंद हैं। इस वजह से सर्विलांस के माध्यम से भी आरोपियों को ट्रेक करना मुश्किल हो गया। पुलिस ने कई रिश्तेदारों के यहां भी दबिश दी।
संभावना है कि आरोपी जिले से कहीं बाहर जाकर छुप गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के पहले जिनसे संपर्क थे, उससे भी पूछताछ की लेकिन सुराग नहीं लग पाया। एक आरोपी अजय का पहले आपराधिक रिकाॅर्ड रहा है और उस पर हत्या समेत संगीन अपराधों के तीन मुकदमें दर्ज हैं। वह जमानत पर जेल से बाहर आया हुआ है।
गांव खेड़ी दमकन के कृष्ण सीआरपीएफ में नौकरी करते थे और 10-12 दिन पहले पहले छुट्टी लेकर घर आए थे। 25 जुलाई को उसकी पत्नी प्रियंका ने दूसरे बेटे को जन्म दिया। प्रियंका व बेटा भगत फूल सिंह राजकीय महिला मेडिकल काॅलेज के अस्पताल में दाखिल है। कृष्ण रविवार को पत्नी व बेटे से अस्पताल में मिलकर घर लौटे थे। इसके बाद वे टहलने के लिए जौली मार्ग पर गए थे।
रात लगभग एक बजे उनकी गांव के निशांत व अजय ने सिर व छाती में गोली मारकर हत्या कर दी थी। पिता बलवान की शिकायत पर सदर थाना में मुकदमा दर्ज किया गया है। पिता ने बताया था कि कुछ दिन पहले उसका बेटा हरिद्वार कांवड़ लेने गया था। वहां से लौटते समय रास्ते में कृष्ण की निशांत व अजय से कहासुनी हो गई थी, जिसकी रंजिश में उन्होंने हत्या की।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सीआइए, क्राइम यूनिट, सदर थाना प्रभारी और एसीपी की टीमें लगी हुई हैं। टीमों ने जगह-जगह दबिश दी और कई लोगों से पूछताछ की। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचाया जाएगा।
- ऋषिकांत, एसीपी