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मेडिकल कॉलेज में दाखिल मरीजों को अल्ट्रासाउंड के नहीं काटने पड़ेंगे अस्पताल परिसर के चक्कर

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गोहाना। बीपीएस राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज में दाखिल मरीजों को अब अल्ट्रासाउंड कराने के लिए और बेहतर सुविधा मिलेगी। उन्हें अल्ट्रासाउंड के लिए मेडिकल कॉलेज के अस्पताल परिसर के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे, बल्कि उनका बेड पर ही अल्ट्रासाउंड होगा। इसके लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन को दो पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीनें मिली हैं। इससे मरीजों के साथ ही उनके तीमारदारों को काफी सुविधा होगी।
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मेडिकल कॉलेज के 550 बेड के अस्पताल में विभिन्न बीमारियों की जांच व इलाज के लिए मरीज पहुंचते हैं। चिकित्सक ओपीडी में उनकी जांच के बाद मरीजों को बीमारी अनुसार दाखिल करते हैं। इन दिनों कोरोना के मरीजों के लिए 350 बेड निर्धारित होने के चलते सामान्य बीमारियों के मरीजों को 200 बेडों पर दाखिल किया जा रहा है। वार्ड में दाखिल मरीजों को भी चिकित्सक नियमित जांच करते हैं। इस दौरान मरीज को कोई दिक्कत होने पर चिकित्सक अल्ट्रासाउंड की सलाह देते हैं। हालांकि यहां वार्ड में अल्ट्रासाउंड करने के लिए अस्पताल में पहले से ही दो पोर्टेबल मशीन की सुविधा है, लेकिन मरीजों की संख्या अधिक होने के चलते उन्हें नीचे अल्ट्रासाउंड के लिए संबंधित कक्ष में भेजा जाता है। इससे मरीजों के साथ ही उनके तीमारदारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी के चलते पिछले दिनों मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने दो और पोर्टेबल मशीन मुख्यालय से मांगी थी। अब मुख्यालय ने दो पोर्टेबल मशीनें भेज दी हैं, जिससे अब वार्ड में दाखिल मरीजों का बेड पर ही अल्ट्रासाउंड होगा।
एक रेडियोलॉजिस्ट होने से बढ़ रही परेशानी
मेडिकल कॉलेज में सामान्य मरीजों व गर्भवती महिलाओं के अल्ट्रासाउंड के लिए भी तीन बड़ी मशीनें स्थापित हैं, जबकि रेडियोलॉजिस्ट एक ही नियुक्त है। ऐसे में यहां हर रोज 50-60 मरीजों के ही अल्ट्रासाउंड हो रहे हैं, अन्य मरीजों को आगामी तारीख दी जा रही है। फिलहाल मरीजों को अल्ट्रासाउंड के लिए 10 दिन आगे की तारीख मिल रही है।
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वर्जन
मेडिकल कॉलेज के अस्पताल में मरीजों की दी जाने वाली सुविधाओं को बढ़ाने के लगातार प्रयास जारी हैं। वार्डों में मरीजों के अल्ट्रासाउंड के लिए दो पोर्टेबल मशीन मिल गई हैं। रेडियोलॉजिस्ट न होने की जानकारी मुख्यालय को दे दी है। मुख्यालय के निर्देशानुसार आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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- डॉ. राजीव महेंद्रु, निदेशक, बीपीएस राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज, खानपुर कलां।
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