अंत्योदय सरल केंद्र में निरीक्षण के दौरान हाजिरी रजिस्टर चेक करते डीसी ललित सिवाच। विज्ञप्ति
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डीसी ललित सिवाच ने मंगलवार सुबह अंत्योदय सरल केंद्र का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने काम में कोताही बरतने वाले कर्मचारियों से साफ कहा कि काम नहीं तो वेतन नहीं। अगर कोई कर्मचारी अपनी ड्यूटी ईमानदारी से नहीं करता है तो उसकी सेवाएं तुरंत प्रभाव से समाप्त की जाएं। साथ ही उन्होंने अंत्योदय सरल केंद्र में ड्यूटी पर गैरहाजिर मिले तीन कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस भी जारी करने के निर्देश दिए।
डीसी ने जनहित के उद्देश्य से अंत्योदय सरल केंद्र की सभी गतिविधियों एवं सेवा-सुविधाओं की समीक्षा की। सरल केंद्र में प्रवेश करते ही उन्हें हेल्प डेस्क पर भीड़ दिखाई दी, जिनकी सहायता के लिए हेल्प डेस्क पर कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। इस पर उपायुक्त ने कड़ी आपत्ति जताई। डीसी के पूछने पर लोगों ने बताया कि उन्हें यहां आधा घंटा हो गया है। कुछ देर बाद हेल्प डेस्क पर दो महिला कर्मचारी पहुंच गईं, जिन्हें डीसी ने देरी से आने पर कड़ी फटकार लगाई। साथ ही उन्होंने महिला कर्मियों को चेतावनी देते हुए एसडीएम को निर्देश दिए कि काम में कोताही बरतने वालों की सेवाएं तुरंत प्रभाव से समाप्त करें।
उपायुक्त ने सरल केंद्र के अंदर प्रवेश करने उपरांत विभिन्न खिड़कियों पर दी जाने वाली सेवाओं की पड़ताल की। उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर की भी जांच की, जिसमें तीन कर्मचारी गैरहाजिर मिले। अनुपस्थित कर्मियों को एसडीएम के माध्यम से कारण बताओ नोटिस जारी करवाए गए। उन्होंने कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिए कि वह लोगों को बेहतरीन सेवाएं प्रदान करें। सरकारी अधिकारी-कर्मचारी जनता की सेवा के लिए ही हैं। ईमानदारी से अपनी ड्यूटी का निर्वहन करें। लोगों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
डीसी ने एसडीएम शशि वसुंधरा को भी निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से अंत्योदय सरल केंद्र की जांच करें। यदि किसी भी कर्मचारी की शिकायत मिलती है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि किसी भी काम से आने वाले व्यक्ति मास्क लगाकर आएं और अनिवार्य रूप से सामाजिक दूरी का पालन अवश्य करें और उन्होंने कर्मचारियों को भी इन निर्देशों का पालन करने के निर्देश दिए।