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ओलंपियाड में देश का प्रतिनिधित्व करने वाले हर्षवर्धन को जेईई मेंस में देशभर में छठा स्थान मिला

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सेक्टर 15 में रहने वाला हर्षवर्धन अग्रवाल अपने पिता, माता, भाई व दादी के साथ - फोटो : Sonipat
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सोनीपत। ओलंपियाड में देश का प्रतिनिधित्व कर चुके सेक्टर-15 निवासी हर्षवर्धन अग्रवाल के नाम लगातार उपलब्धियां जुड़ती जा रही हैं। हर्षवर्धन ने अब जेईई मेंस में छठा स्थान प्राप्त किया है। हर्षवर्धन का भाई मनन अग्रवाल भी जेईई मेंस में 14वां स्थान प्राप्त कर चुका है और वह आईआईटी मुंबई से कंप्यूटर साइंस में पढ़ाई कर रहा है। हर्षवर्धन अपने भाई से एक कदम आगे निकल गया है और उसका लक्ष्य भी आईआईटी मुंबई में जाना है। हर्षवर्धन कहते हैं कि वह सोशल साइटों में समय खराब करने की जगह रोजाना 12 घंटे पढ़ाई करता है।
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हर्षवर्धन अग्रवाल के पिता महावीर प्रसाद बीएसएनएल में डीजीएम थे तो माता सीमा हिंदू कालेज में एसोसिएट प्रोफेसर हैं। हर्षवर्धन की शुरुआत से 12वीं तक की पढ़ाई जानकीदास स्कूल से हुई और उसने इस साल ही 12वीं में 95.2 प्रतिशत अंक प्राप्त किए थे। हर्षवर्धन व उसके भाई मनन अग्रवाल दोनों का लक्ष्य आईआईटी मुंबई में जाना था, जिनमें से मनन ने पिछले साल जेईई मेंस में 14वां स्थान प्राप्त करने के बाद आईआईटी मुंबई के लिए जगह बनाई थी। वहीं अब हर्षवर्धन भी पीछे नहीं रहने वाला था और उसने अपने भाई मनन से एक कदम आगे निकलकर जेईई मेंस में छठा स्थान हासिल किया है। हर्षवर्धन की इस उपलब्धि पर पिता महावीर प्रसाद, माता सीमा, दादी कौशल्या देवी खुश है। पिता महावीर प्रसाद ने बताया कि हर्षवर्धन पहले भी कई प्रतियोगी परीक्षाओं में बाजी मार चुका है तो इस्त्राइल में हुए 50वें ओलंपियाड में देश का प्रतिनिधित्व किया था। पांच विद्यार्थियों की टीम ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल जीता था। जिसमें 78 देशों से 400 विद्यार्थियों ने भाग लिया था और इस उपलब्धि के कारण ही हरियाणा स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी पंचकूला ने हर्षवर्धन को 3 लाख नकद व प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया था। हर्षवर्धन ने बताया कि वह हमेशा मोबाइल से दूर रहता है और सोशल साइटों पर अपना समय खराब नहीं करता है। वह पढ़ाई के लिए भी अपने पिता का मोबाइल इस्तेमाल करता था और 12 घंटे पढ़ाई करना उसकी दिनचर्या में शामिल रहता है।
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आयुष पालीवाल को मिली 277वीं रैंक
शहर के विशाल नगर में रहने वाले आयुष पालीवाल ने जेईई मेंस में 277वीं रैंक हासिल की है। जिससे आयुष के परिवार में खुशी का माहौल है। पिता राजेश पालीवाल ने बताया कि आयुष शुरुआत से पढ़ाई में काफी अच्छा है और वह स्कूल से आने के बाद भी घर काफी समय पढ़ाई करता रहता था। अब भी व्हाट्स एप ग्रुप के सहारे ऑनलाइन पढ़ाई करता रहता है तो घर में अपनी किताबों को पढ़ता रहता है। आयुष को 277वीं रैंक आने पर बहन नेहा ने मिठाई खिलाई।
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