संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। टीकाराम शिक्षण सोसाइटी के 7 नवंबर को होने वाले त्रैवार्षिक चुनाव की प्रक्रिया पर फर्म एंड सोसायटी के जिला रजिस्ट्रार ने अंतरिम रोक लगा दी है। शिकायतकर्ता ने आजीवन सदस्यों की सूची पर आपत्ति जताई थी। इसमें कहा था कि चुनाव जीतने के लिए सोसाइटी सदस्यों में करीब 122 से ज्यादा सदस्य गलत तरीके से जोड़े गए हैं।
जिला रजिस्ट्रार ने निष्पक्ष चुनाव करवाने के लिए मौजूदा चुनाव प्रक्रिया पर अंतरित रोक लगाते हुए मामले की जांच के आदेश दिए हैं। इसके लिए दो सदस्यीय समिति का गठन किया है। टीकाराम शिक्षण सोसायटी के चुनाव 7 नवंबर को निर्धारित थे। इसकी 2 अक्तूबर को अधिसूचना भी जारी की गई थी। सोसाइटी सदस्य छोटूराम कॉलोनी निवासी अशोक ने जिला रजिस्ट्रार के पास एक याचिका दायर की थी। इसमें आरोप लगाया था कि नियमों की अनदेखी करते हुए सोसाइटी में करीब 122 से ज्यादा सदस्य गलत तरीके से जोड़े गए हैं। जिला रजिस्ट्रार ने दायर याचिका में दिए गए तथ्यों की जांच करने के लिए मौजूदा चुनाव प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगा दी है। साथ ही एक जांच समिति का भी गठन किया गया है, जिसमें सोसाइटी कार्यालय के ही मनजीत कुमार व विकास को सदस्य बनाया है। यह समिति सोसाइटी के रिकॉर्ड की जांच कर 15 दिन में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।
अधिवक्ता अजय सिंह गहलावत ने बताया कि जिला रजिस्ट्रार ने समिति के निष्पक्ष चुनाव करवाने के लिए मौजूदा चुनाव प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगाई है। मामले की जांच के आदेश भी दिए हैं कि सदस्यों के कोलिन की व्यवस्था स्टेट रजिस्ट्रार की तरफ से मान्य योजना के अनुसार है या नहीं। समिति यह भी जांच करेगी कि नए जोड़े गए सदस्य हरियाणा रजिस्ट्रेशन एंड रेगूलेशन ऑफ सोसायटीज एक्ट 2012 और अन्य सभी नियमों के अनुसार है या नहीं। जांच पूरी होने के बाद ही चुनाव प्रक्रिया को हरी झंडी दी जाएगी।
टीकाराम एजूकेशन सोसाइटी के प्रधान सुरेंद्र दहिया ने कहा कि नियमों की कोई अनदेखी नहीं की गई है। वर्ष 2017 के बाद कोई नया सदस्य नहीं बनाया गया है। जिस सूची पर पिछला चुनाव हुआ था, उसी सूची पर इस बार भी हो रहा है।