सोनीपत/खरखौदा। रोहतक रोड स्थित अनाज मंडी में एक अप्रैल को इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) की ओर से किसान कष्ट निवारण केंद्र की शुरुआत की गई। साथ ही कार्यकर्ताओं ने अनाज मंडी के गेट पर सरकार की ओर से लागू किए जा रहे नए नियमों का विरोध किया। उन्होंने बायोमीट्रिक का विरोध किया।
इनेलो जिला अध्यक्ष कुणाल गहलावत ने ट्रैक्टर से जुड़े नियमों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यदि कोई किसान ट्रैक्टर से अनाज लेकर आता है तो उसके ट्रैक्टर पर पंजीकरण प्लेट होना अनिवार्य किया गया है।
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सरकार के अनुसार अब केवल उसी किसान को मंडी में आकर अनाज बेचने की अनुमति होगी जिनके नाम पर जमीन दर्ज है। यदि जमीन किसी अन्य व्यक्ति के नाम है तो वह किसान अनाज नहीं बेच पाएगा।
खरखौदा हलका अध्यक्ष बलवान नंबरदार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में कई किसान आज भी झोटा-बुग्गी जैसे पारंपरिक साधनों का उपयोग करते हैं। ऐसे में क्या उनके अनाज की खरीद नहीं होगी? यह सवाल भी उन्होंने उठाया।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इन मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं की तो इनेलो सुप्रीमो अभय चौटाला खुद ट्रैक्टर लेकर मंडी पहुंचेंगे और आंदोलन को तेज किया जाएगा। उनका कहना है कि किसान की फसल पर भी एक तय सीमा निर्धारित की गई है जोकि गलत है।