फोटो 37: सोनीपत के खरखौदा में न्यायालय परिसर के सामने स्थित शराब ठेके को न्यायालय के आदेश पर सी
खरखौदा(सोनीपत)। शहर में न्यायालय के आदेश पर शुक्रवार को न्यायालय परिसर के सामने स्थित शराब ठेके को सील कर दिया गया। इस दौरान नगरपालिका, पुलिस व आबकारी एवं कराधान विभाग की टीम मौके पर मौजूद रही। न्यायालय में न्यायाधीश विक्रांत की तरफ से शुक्रवार को मामले में की सुनवाई करते हुए ठेके को तत्काल प्रभाव से सील करने के आदेश दिए गए थे।
आबकारी एवं कराधान विभाग की तरफ से बीते दिनों शराब के ठेकों की नीलामी की गई थी। इसी कड़ी में खरखौदा में एक शराब के ठेके को स्थापित किया गया जिसके लिए खरखौदा न्यायालय परिसर के ठीक सामने की दुकान जगह के लिए चुनी गई। ठेका खुलते ही सामाजिक लोगों ने इस पर आपत्ति जताई थी। वहीं बार एसोसिएशन की तरफ से इसके खिलाफ प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया था। बार की तरफ से शराब ठेके के खिलाफ न्यायालय की भी शरण ले ली गई।
-
वादी के अधिवक्ता ने तर्क दिया कि कोर्ट के सामने शराब की दुकान से सार्वजनिक उपद्रव, असामाजिक तत्वों की आवाजाही और सफाई व्यवस्था पर बुरा असर पड़ रहा है। उन्होंने तस्वीरों और वीडियोग्राफी युक्त पेन ड्राइव भी साक्ष्य के तौर पर प्रस्तुत की।
न्यायालय की टिप्पणी
प्रथमदृष्टया, इस न्यायालय का यह विचारपूर्ण मत है कि न्यायालय परिसर को शराब की दुकान से पहचानना न केवल न्यायालय, की पवित्रता के विरुद्ध है बल्कि न्यायपालिका की गरिमा को भी ठेस पहुंचाता है। किसी शराब की दुकान को न्यायालय परिसर की दुकान कहना न्याय प्रशासन की संस्था का अपमान है। इस नाम पर भी गंभीर आपत्ति जताई। कोर्ट ने आदेश दिया कि मामले में जिला आबकारी आयुक्त 21 जुलाई को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हों। वहीं कोर्ट की तरफ से नियुक्त स्थानीय आयुक्त ने निरीक्षण के दौरान पाया कि दुकान में न तो लाइसेंस था और न ही साइट प्लान। नगरपालिका से भी ठेका खोलने संबंधित कोई अनुमति नहीं ली गई थी। इस पर न्यायालय की ओर से शराब ठेके के संचालन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई। इसके बाद उसे सील कर दिया गया। इस अवसर पर आबकारी सहायक अधिकारी अभिमन्यु, नपा सचिव पंकज जून, थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार भी मौजूद रहे।