सोनीपत। राजीव गांधी एजुकेशन सिटी राई में निर्मित अग्निशमन केंद्र उद्घाटन के डेढ़ माह बाद भी शुरू नहीं किया जा सका है। अग्निशमन विभाग के पास स्टाफ नहीं होने से इसे शुरू नहीं किया जा सका है। 743 लाख रुपये से निर्मित अग्निशमन केंद्र के शुरू नहीं होने से आग की घटना होने पर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। राई अग्निशमन केंद्र शुरू नहीं होने से आग लगने पर सोनीपत से गाड़ियां आती हैं। ऐसे में तब तक आग से काफी नुकसान हो जाता है। विभाग में फायर ऑपरेटर मिलने के बाद राई में अग्निशमन केंद्र शुरू हो सकेगा।
राई औद्योगिक क्षेत्र में ढाई हजार से ज्यादा फैक्टरियां हैं। अगर यहां पर किसी फैक्टरी में बड़ी घटना होती है तो सोनीपत से अग्निशमन विभाग से गाड़ियां बुलानी पड़ती हैं। तब तक आग लगने के कारण काफी नुकसान होता है। उद्योगपतियों की मांग को देखते हुए राई स्थित राजीव गांधी एजुकेशन सिटी में एचएसवीपी की तरफ से 7.43 करोड़ रुपये की लागत से अग्निमशन केंद्र के भवन का निर्माण किया गया। इसका ऑनलाइन उद्घाटन 10 जून को सीएम मनोहर लाल ने चंडीगढ़ स्थित हरियाणा निवास से किया था। नया भवन उद्घाटन के बावजूद अभी तक सरकार से अग्निशमन विभाग को नए कर्मचारी नहीं मिले हैं। जिसका अभी तक फायदा नहीं मिल पा रहा है। (संवाद)
अग्निशमन विभाग ने सरकार से 100 से ज्यादा फायर ऑपरेटर मांगे
अग्निशमन विभाग के लिए राई स्थित राजीव गांधी एजुकेशन सिटी में नए भवन का निर्माण पूरा होने के बाद उद्घाटन हो चुका है। वहीं बड़ी व सेक्टर-23 में अग्निशमन केंद्र के भवनों का निर्माण किया जा रहा है। इसके लिए अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने सरकार को पत्र लिखकर 100 से ज्यादा फायर ऑपरेटर की मांग की है। विभाग के पास फिलहाल 15 गाड़ियां हैं, इन्हीं गाड़ियों पर 143 कर्मचारी काम कर रहे हैं। 100 नए फायर ऑपरेटर मिलने के बाद नई गाड़ियों के मिलने की उम्मीद जगेगी।
पानी के लिए भी अभी तक नहीं हो सका प्रबंध
राई स्थित नवनिर्मित अग्निशमन केंद्र में अभी तक फायर टेंडरों में पानी भरने की व्यवस्था भी नहीं हो सकी है। ऐसे में इसके शुरू होने पर फायर गाड़ियों में पानी के लिए भी परेशानी हो सकती है।
वर्जन
राई के अलावा बड़ी व सेक्टर-23 में निर्माणाधीन अग्निशमन केंद्र के लिए 100 से ज्यादा फायर ऑपरेटर मांगे गए हैं। जल्द कर्मी मिलते ही केंद्र को शुरू कर दिया जाएगा, जिससे आग की घटना होने पर उस पर जल्द काबू पाने में आसानी होगी।
- राजेंद्र सिंह दहिया, सहायक मंडल अग्निशमन अधिकारी सोनीपत