सोनीपत। शुगर मिल की रिपेयरिंग टेंडर प्रक्रिया में हो रही देरी को लेकर सोमवार को किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। भारतीय किसान यूनियन (सिद्धपुर) के प्रदेश उपाध्यक्ष वीरेंद्र पहल के नेतृत्व में किसान लघु सचिवालय पहुंचे और प्रदर्शन किया। किसानों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर सरकार और प्रशासन से जल्द समाधान निकालने की मांग की। साथ ही कहा कि सुनवाई नहीं होने पर ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे।
किसानों का आरोप है कि शुगर मिल प्रशासन हर वर्ष 6 से 10 नवंबर तक पेराई सत्र शुरू करने का दावा करता है लेकिन हकीकत में मिल 25 नवंबर के बाद ही चल पाती है। दिसंबर का पहला सप्ताह निकलने तक गन्ने की पेराई गति नहीं पकड़ती।
इस देरी से उनको न सिर्फ गन्ने की फसल का नुकसान उठाना पड़ता है बल्कि मजदूरी का अतिरिक्त बोझ भी सहना पड़ता है। इस बार भी रिपेयरिंग का टेंडर अब तक जारी नहीं हो पाया है। उनको डर है कि यदि टेंडर में और देरी हुई तो खेतों में जलभराव से प्रभावित फसलों के साथ खरीफ और रबी दोनों सीजन की फसलें प्रभावित होंगी।
तीन बार ज्ञापन दिया फिर भी कार्रवाई नहीं हुई
किसानों ने आरोप लगाया कि वह पहले भी दो बार ज्ञापन दे चुके हैं मगर न तो सरकार और न ही प्रशासन ने कोई ठोस कदम उठाया। बेहतर काम करने वाली कंपनी को टेंडर दिया जाए। साथ ही किसानों ने अपने ज्ञापन में सरकार से मांग की कि शुगर मिल में जल्द से जल्द स्थायी एमडी नियुक्त किया जाए। शुगर मिल बोर्ड का चुनाव करवाकर नई कमेटी का गठन किया जाए। साथ ही रिपेयरिंग का टेंडर तत्काल जारी कर समय पर पेराई शुरू करवाया जाए।
किसानों की चेतावनी
प्रदेश उपाध्यक्ष वीरेंद्र पहल ने कहा सोनीपत शुगर मिल का टेंडर जानबूझकर रोका जा रहा है। किसानों की लगातार उपेक्षा की जा रही है। अगर हमारी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया गया तो मजबूरी में ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे। इस दौरान बिजेंद्र, मनोज, सत्यवान, परमजीत, प्रदीप कुमार, मंजीत, हरकेश, सतीश, कर्मपाल, कुलदीप, विशाल, अजीत व किसान मौजूद रहे।