सोनीपत में किसान की हादसे में मौत
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किसान आंदोलन में शामिल होने पंजाब से आए बुजुर्ग की राई गांव के पास कार की चपेट में आने से मौत हो गई। सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों के हवाले कर दिया। पुलिस ने कार चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पंजाब के मोगा के गांव नात्थूपुर गरबी के रहने वाले सुरजीत सिंह ने पुलिस को बताया कि वह राजमिस्त्री का काम करता है। वह और उसका भाई जीत सिंह (75) 21 फरवरी से राई के पास किसान आंदोलन के समर्थन में चल रहे धरनास्थल पर आए हैं। वह गांव राई के पास गोल्डन हट ढाबा के निकट टेंट में रह रहे हैं।
सोमवार रात को करीब सवा आठ बजे वह और उसका भाई ढाबा पर खाना खाने के बाद सड़क पार कर रहे थे। इसी दौरान दिल्ली की तरफ से तेज गति से आई कार ने उसके भाई को टक्कर मार दी। हादसे में बुजुर्ग जीत सिंह को हाथ-पैर व कमर में गंभीर चोट आई। घायल जीत सिंह को गंभीर हालत में सामान्य अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया।
पीजीआई रोहतक ले जाते हुए रास्ते में उन्होंने दम तोड़ दिया। राई थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मंगलवार को पोस्टमार्टम कराया। पुलिस ने सुरजीत के बयान पर कार चालक के खिलाफ मुकदमा दर्जकर लिया है। किसान आंदोलन में कुंडली व राई के पास अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है।
कार सवार का पीछा कर पकड़ा
हादसे के बाद कार सवार मौके से भाग निकला था। जिस पर धरनास्थल पर मौजूद लोगों ने अपने वाहनों से कार का पीछा किया और ओल्ड डीसी रोड पर भगतपुरा कॉलोनी के पास से चालक को कार सहित पकड़ लिया। उसकी पहचान भगतपुरा के रहने वाले रामनाथ यादव के रूप में हुई है। आरोपी को पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है।
राई के पास कार की चपेट में आकर किसान आंदोलन में शामिल होने पंजाब से आए बुजुर्ग की मौत हो गई। शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया है। कार चालक के खिलाफ मुकदमा दर्जकर उसे गिरफ्तार कर लिया है। - विवेक मलिक, थाना प्रभारी, राई।