कुंडली बार्डर पर कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे धरना स्थल पर बुधवार को एक अन्य किसान की हार्ट अटैक से मौत हो गई। किसान को सीने में दर्द होने के चलते बॉर्डर पर चल रहे अस्पताल में ले जाया गया था। जहां गंभीर हालत के चलते उनके साथी किसान उन्हें लेकर सामान्य अस्पताल में पहुंचे, लेकिन उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रखवा दिया है। देर शाम तक किसान के परिजन नहीं पहुंचे थे। अब वीरवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
पंजाब के जिला लुधियाना की तहसील मुल्लापुर दाखा के गांव ढट्ट के रहने जगजीत सिंह (34) पांच दिन पहले साथी किसानों के साथ कुंडली बॉर्डर धरना स्थल पर पहुंचे थे। वहा पांच दिन से यहीं रह रहे थे। उनके शव को लेकर सामान्य अस्पताल में पहुंचे साथी किसानों ने बताया कि मंगलवार को भी उनके सीने में हल्का दर्द हुआ था। उसके बाद वह ठीक हो गए। कल रात उन्होंने खाना भी खाया था। बुधवार सुबह चाय भी पी थी। दोपहर करीब एक बजे खाने के समय उन्हें फिर से सीने में दर्द होने लगा। जिस पर वह उन्हें धरना स्थल पर स्थित अस्पताल में ले गए। जहां से एंबुलेंस की मदद से सोनीपत लेकर पहुंचे। सामान्य अस्पताल में चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रखवा दिया है। मौत का कारण हार्ट अटैक बताया जा रहा है। हालांकि असल कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से हो सकेगी।
अब तक 12 किसानों की जा चुकी जान
कुंडली धरना स्थल पर अब तक 12 किसानों की जान जा चुकी है।
5 दिसंबर को पंजाब के नवांशहर के गांव हसनपुर खुर्द के सुरेंद्र सिंह की सडक़ हादसे में जान गई।
8 दिसंबर को गांव बरोदा के किसान अजय की जान गई।
14 दिसंबर को पंजाब के जिला मोगा के गांव भिंडर कलां के मक्खन खान की जान गई
15 दिसंबर को पंजाब के जिला मोहाली के गांव कंड़ाला के किसान गुरमीत सिंह की जान गई।
15 दिसंबर को पंजाब के जिला पटियाला के गांव सौहली के किसान पाल सिंह की जान गई।
16 दिसंबर को बाबा राम सिंह ने गोली मारकर आत्महत्या कर ली।
17 दिसंबर को भीम सिंह नंबरदार का शव ड्रेन में मिला।
03 जनवरी को गंगाना के किसान कुलबीर की मौत हो गई।
03 जनवरी को पंजाब के संगरूर के गांव लिदडा के किसान शमशेर की जान गई।
9 जनवरी को पंजाब के जिला फतेहगढ़ के गांव माछराई खुर्द निवासी सरदार अमरिंदर सिंह की जहर खाने मौत
12 जनवरी को पंजाब के जिला लुधियाना के गांव सरथला निवासी लाभ सिंह ने जहर खाकर जान दी।
धरनास्थल पर आए किसान की मौत हो गई है। साथियों का कहना है कि सीने में दर्द होने पर वह उसे अस्पताल लेकर पहुंचे थे। परिजनों के नहीं आने के चलते वीरवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। जिसकी रिपोर्ट में मौत के असल कारणों का पता लग सकेगा।
रवि कुमार, थाना प्रभारी, कुंडली।