संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। शहरी जिला कांग्रेस अध्यक्ष कमल दिवान ने कहा कि नगर निगम का निर्माणाधीन भवन के निर्माण में हो रही अत्यधिक देरी और लगातार बढ़ती लागत को उन्होंने जनता के पैसे की बर्बादी बताया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020-21 में शुरू हुआ यह प्रोजेक्ट अधिकारियों की लापरवाही के कारण अब तक अधूरा पड़ा है।
उन्होंने कहा कि इस अत्याधुनिक भवन का निर्माण 2022 के अंत तक पूरा होना था लेकिन अब 2025 बीतने वाला है पर काम अभी भी अधूरा है। हैरानी की बात यह है कि करीब 58 करोड़ रुपये खर्च होने के बाद भी प्रशासन 28 करोड़ रुपये अतिरिक्त बजट की मांग कर रहा है।
दिवाने ने कह कि यह भ्रष्टाचार और गलत योजना का परिणाम प्रतीत होता है। उन्होंने प्रशासन की ओर से सेक्टर-3 स्थित इस पांच मंजिला भवन को नगर निगम और सोनीपत महानगर विकास प्राधिकरण (एसएमडीए) के संयुक्त मुख्यालय के रूप में विकसित करने के फैसले पर भी सवाल उठाए।
उनका कहना है कि पहले यह भवन केवल नगर निगम की सुविधाओं जैसे मेयर, निगम आयुक्त और पार्षदों के कार्यालयों के लिए प्रस्तावित था लेकिन अब इसमें एसएमडीए को भी शामिल किया जा रहा है। इससे भविष्य में जगह की कमी की समस्या पैदा होगी और फिर करोड़ों रुपये जमीन अधिग्रहण पर खर्च करने पड़ सकते हैं।
उन्होंने कहा कि पुराने भवन में जगह की कमी का हवाला देकर इस प्रोजेक्ट को शुरू किया गया था लेकिन निर्माण में देरी के कारण शहरवासियों को आज भी एक खिड़की से दूसरी खिड़की के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
जांच और जवाबदेही की मांग
दिवान ने मांग की है कि इस प्रोजेक्ट की शुरुआत से अब तक किए गए भुगतान और निर्माण की गुणवत्ता की न्यायिक जांच कराई जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शेष कार्य को युद्ध स्तर पर पूरा नहीं किया गया और लागत बढ़ने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पार्टी इस मुद्दे को जनता की अदालत में लेकर जाएगी।