हरियाणा के सोनीपत में क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीए) के निरीक्षक की टीम ने कामी चौक के पास आरटीए कर्मी बनकर वाहन चालकों से अवैध उगाही कर रहे बाइक सवार युवक को दबोचा है। आरोपी को सदर थाना पुलिस को सौंप दिया गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपी के अन्य साथियों का पता लगा रही है।
उसके पास से फर्जी पहचानपत्र और एक ट्रक चालक से वसूले गए रुपये बरामद कर लिए गए हैं। आरोपी गन्नौर के गांव शेखपुरा का रहने वाला अमरदीप है। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह फिजूलखर्ची करने, होटलों में साथियों के साथ खाना खाने और महिला मित्र का खर्च चलाने के लिए वाहनों से वसूली करता है।
परिवहन विभाग की टीम गुरुवार रात बाईपास चौक पर वाहनों की चेकिंग कर रही थी। विभाग के निरीक्षक और सड़क सुरक्षा अधिकारी राजेश मलिक ने बताया कि सफियाबाद के कृष्ण कुमार ने रात को बताया कि उसके ट्रक के सभी कागजात पूरे हैं। उसके बावजूद आपकी टीम ने उसे कामी चौक पर रोका हुआ है।
उन्होंने पता किया तो जानकारी मिली कि कामी चौक पर परिवहन विभाग की कोई टीम ही नहीं थी। कृष्ण कुमार से ट्रक चालक सन्नी का नंबर लेकर बातचीत की गई। सन्नी ने बताया कि एक युवक खुद को आरटीए कर्मी बता रहा है। उसने कागजात में कमी बताकर पांच हजार रुपये ले लिए हैं। इसकी सूचना तुरंत जिला परिवहन अधिकारी मानव मलिक को दी गई।
उनके निर्देश पर टीम कामी चौक पर पहुंच गई। वहां पर कथित आरटीओ कर्मी ने एक ट्रक को रोका हुआ था। वह कागजात में कमी बताकर उनसे भी वसूली का प्रयास कर रहा था। उसने कहा कि उसकी जीप के साथ स्टाफ अभी आगे गया हुआ है। टीम ने उसको काबू कर लिया। उसको सदर थाना पुलिस को सौंप दिया गया।
पुलिस जांच में सड़क किनारे खड़ी हुई आरोपी की बाइक मिल गई। उसके पास से फर्जी पहचानपत्र और वसूले गए पांच हजार रुपये बरामद कर लिए गए। आरोपी युवक ने बताया कि वह शेखपुरा गांव का रहने वाला अमरदीप है। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह फिजूलखर्ची करने, होटलों में साथियों के साथ खाना खाने और महिला मित्र का खर्च पूरा करने के लिए वाहनों से वसूली करता है।
वह दो साल से अवैध वसूली कर रहा था और कई बार तो एक माह में 50 हजार से एक लाख तक की वसूली कर लेता था। युवक ने स्नातकोत्तर तक की शिक्षा ग्रहण कर रखी है। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश किया, जहां उसे जेल भेज दिया गया।
आटीए कर्मी बनकर वसूली करने वाले युवक को पुलिस को सौंप दिया गया है। इससे विभाग की बदनामी हो रही थी। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। -मानव मलिक, जिला परिवहन प्राधिकरण अधिकारी