सोनीपत। बिजली निगम का द इंपीरियल प्राइवेट लिमिटेड के साथ दो साल से चल रहा अनुबंध खत्म हो गया है। इससे एजेंसी ने कर्मियों को काम से हटा दिया है। इसके विरोध में संविदा कर्मियों ने सोमवार को लघु सचिवालय में अर्धनग्न होकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन से पहले वह गढ़ी ब्राह्मणान के पास एकजुट हुए और जुलूस निकाल कर लघु सचिवालय पहुंचे और प्रदर्शन करने के बाद मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार कृति को ज्ञापन सौंपा।
जिला पार्षद संजय बड़वासनी ने कहा कि ठेका प्रथा के तहत युवाओं का लगातार शोषण किया जा रहा है। ठेकेदार अपनी मनमर्जी से जब चाहे उन्हें हटा देते हैं। इससे युवाओं का भविष्य खराब हो रहा है। दो वर्ष से कर्मचारी लगातार कार्य कर रहे थे। कई बार चोट भी लगी है। उसकी भी कोई भी मदद नहीं की गई है।
अब एजेंसी का टेंडर खत्म होने के बाद कर्मचारियों को हटा दिया गया है। यह युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। दिनेश, श्याम, मनजीत, सुनील, दीपक, सुरेंद्र, रामबीर ने कहा कि विस चुनाव से पहले सरकार ने प्रदेश के युवाओं से वादा किया था कि सरकार आने के बाद सभी कच्चे कर्मचारियों को पक्का किया जाएगा। ठेका प्रथा बंद होगी। सत्ता में आने के बाद सरकार ने अपने वादे के विपरीत जाकर युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है और ठेका प्रथा को बढ़ावा दिया है।
उन्होंने सरकार व प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि संविदा कर्मचारियों को हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत कार्य पर लगाया जाए। इस दौरान राजेश, योगेश, सुरेश, कर्मबीर, जगविंद्र, सतबीर, प्रदीप, सतीश सुदेश भी उपस्थित रहे।
सिटी और औद्योगिक उपमंडल क्षेत्र में द इंपीरियल प्राइवेट लिमिटेड ने बिजली व्यवस्था सुचारु रखने के लिए दो साल का अनुबंध किया था। अनुबंध पूरा होने के बाद एजेंसी ने 8 नवंबर को पत्र लिखकर काम करने से इन्कार कर दिया है। -प्रदीप खोखर, उपमंडल अभियंता, बिजली निगम।