मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा है कि हरियाणा पुलिस में महिलाओं की संख्या आठ प्रतिशत से बढ़ाकर 33 प्रतिशत की जाएगी। इसके लिए जिला स्तर पर महिला थाने खोले गए हैं। अब जल्द ही उपमंडल स्तर पर महिला थानों की स्थापना की जाएगी। रविवार को भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय खानपुर कलां के सातवें युवा महोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित करते हुए उन्होंने यह बात कही।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि प्रदेश सरकार महिलाओं की शिक्षा को लेकर पूरी तरह गंभीर है। पिछले दो वर्ष में प्रदेश में 30 कालेज खोलने की घोषणा की है। इनमें से 20 से ज्यादा कालेज महिलाओं के लिए हैं। उन्होंने घोषणा करते हुए कहा कि प्रदेश में मैपिंग कर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि छात्राओं को 20 किलोमीटर के दायरे में महिला महाविद्यालय उपलब्ध हो। उन्होंने कहा कि पहले छात्राओं को 60 किलोमीटर के दायरे में शिक्षण संस्थान में जाने के लिए नि:शुल्क पास उपलब्ध था, अब इसके लिए सभी सीमाएं समाप्त कर दी गई हैं। वहीं, डॉक्टरों की कमी पूरी करने के लिए प्रत्येक जिले में मेडिकल कालेज खोले जा रहे हैं। प्रदेश में प्रतिवर्ष दो से ढाई हजार डाक्टर तैयार किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
लिंगानुपात में लेकर आए सुधार
मनोहर लाल ने कहा कि सरकार के प्रयासों से लिंगानुपात में सुधार हुआ है। आज प्रदेश में लिंगानुपात का आंकड़ा 837 से बढ़कर 914 पर पहुंच चुका है। अलगा लक्ष्य इसे 950 पर लेकर जाना है। उन्होंने कहा कि हमने प्रदेश में युवाओं को कौशल शिक्षा प्रदान करने के लिए पलवल के पृथला गांव में विश्वकर्मा कौशल शिक्षा विश्वविद्यालय की स्थापना की गई है।
महिला विश्वविद्यालय को मिली छह बसें व चार एंबुलेंस
विश्वविद्यालय की छात्राओं की सुविधा के लिए छह बसें व चार एंबुलेंस खरीदने के लिए दो करोड़ रुपये की राशि देने की घोषणा की। साथ ही युवा महोत्सव में छात्राओं के लिए एक समय की रिफ्रेशमेंट के लिए दो लाख रुपये और कन्या भ्रूण हत्या पर सांस्कृतिक प्रस्तुति देने वाली छात्रा को 11 हजार रुपये से सम्मानित करने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने किया पांच भवनों का लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने चार करोड 63 लाख रुपये की लागत से बने विश्वविद्यालय के पांच भवनों का लोकार्पण किया। इनमें डिपार्टमेंट ऑफ हॉस्पिटैलिटी एंड होटल एडमिनिस्ट्रेशन की लेबोरेट्री, फैकल्टी ऑफ लॉ के मुख्य द्वार और गार्गी देवी, कुंती देवी तथा गुणवती छात्रावास शामिल है। इससे पहले मुख्यमंत्री ने भगत फूल सिंह प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए और पौधारोपण किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर डॉ. आशा कादयान ने विश्वविद्यालय की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कहा कि तीन छात्राओं गार्गी, गुणवती, कुंती के साथ 1936 में गुरुकुल परंपरा से शुरू हुए इस शिक्षण संस्थान में आज सात हजार छात्राएं केजी से लेकर पीएचडी तक की शिक्षा ग्रहण कर रही हैं। विश्वविद्यालय के परिसर के अलावा एक साउथ कैंपस और दो रीजनल सेंटर भी महिला शिक्षा के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं। विभिन्न बड़ी कंपनियों में यहां की छात्राएं 20 से 80 हजार रुपये तक के पैकेज पर नौकरी कर रही है।
इस अवसर पर प्रदेश की शहरी स्थानीय निकाय, महिला एवं बाल विकास मंत्री कविता जैन, परिवहन मंत्री कृष्ण लाल पंवार, सांसद रमेश कौशिक, हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की चेयरपर्सन कृष्णा गहलावत, हरियाणा राज्य पिछडा वर्ग कल्याण निगम के चेयरमैन रामचंद्र जांगड़ा, भगत फूल सिंह की नातिन कमला देवी, भाजपा जिला अध्यक्ष डा. धर्मबीर नांदल, रजिस्टर कविता चक्रवर्ती, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष कविता चौधरी, आजाद सिंह नेहरा, महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के कुलपति बीके पूनिया, छात्र कल्याण विभाग के डीन प्रो. महेश दाधीच, मंडल अध्यक्ष बलराम कौशिक आदि मौजूद रहे।