संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। हाईटेंशन लाइन से प्रभावित किसानों की मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री नायब सैनी ने सात अक्तूबर को किसानों की बैठक बुलाई है। मुख्यमंत्री की ओर से बैठक बुलाए जाने की जानकारी मिलने के बाद शनिवार रात करीब दस बजे किसानों ने सर्वसम्मति से चार अक्तूबर को सोहटी में प्रस्तावित महापंचायत और किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ की भूख हड़ताल को स्थगित कर दिया है। अब आंदोलन को लेकर अगला फैसला सात अक्तूबर की बैठक के बाद लिया जाएगा।
गुहणा स्थित धरना स्थल पर शनिवार को छह गांवों के किसानों का धरना 116वें दिन भी जारी रहा। किसानों ने पहले रविवार को सोहटी में प्रस्तावित महापंचायत में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने का आह्वान किया था। इसी दौरान सोहटी धरना स्थल पर अभिमन्यु कोहाड़ की 72 घंटे से जारी भूख हड़ताल और उनकी बिगड़ती तबीयत को लेकर किसानों में रोष था।
किसानों ने आरोप लगाया था कि उनकी मांगों को लेकर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से लगातार बातचीत के बावजूद उनकी सहमति के अनुरूप स्पष्ट आदेश जारी नहीं किया गया। पंचायत की जमीन वाले स्थानों पर काम शुरू होने और पंचायत के खाते में आंशिक भुगतान किए जाने पर भी किसानों ने आपत्ति जताई थी।
देर रात मुख्यमंत्री की ओर से सात अक्तूबर को किसानों की बैठक बुलाए जाने की सूचना मिली। इसके बाद किसान नेता युद्धविंद्र सिंह ने बताया कि सभी की सहमति से चार अक्तूबर की पंचायत और अभिमन्यु कोहाड़ का अनशन स्थगित कर दिया गया है। अब सात अक्तूबर की बैठक में होने वाली बातचीत के बाद किसानों की ओर से अगला निर्णय लिया जाएगा।
वहीं, गुहणा धरना स्थल पर किसानों ने एक बार फिर रणबीर सिंह को धरने की जिम्मेदारी सौंपी है। किसानों का कहना है कि आगे की रणनीति सर्वसम्मति से तय की जाएगी।
गुहणा स्थित धरना स्थल पर शनिवार को छह गांवों के किसानों का धरना 116वें दिन भी जारी रहा। किसानों ने पहले रविवार को सोहटी में प्रस्तावित महापंचायत में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने का आह्वान किया था। इसी दौरान सोहटी धरना स्थल पर अभिमन्यु कोहाड़ की 72 घंटे से जारी भूख हड़ताल और उनकी बिगड़ती तबीयत को लेकर किसानों में रोष था।
किसानों ने आरोप लगाया था कि उनकी मांगों को लेकर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से लगातार बातचीत के बावजूद उनकी सहमति के अनुरूप स्पष्ट आदेश जारी नहीं किया गया। पंचायत की जमीन वाले स्थानों पर काम शुरू होने और पंचायत के खाते में आंशिक भुगतान किए जाने पर भी किसानों ने आपत्ति जताई थी।
देर रात मुख्यमंत्री की ओर से सात अक्तूबर को किसानों की बैठक बुलाए जाने की सूचना मिली। इसके बाद किसान नेता युद्धविंद्र सिंह ने बताया कि सभी की सहमति से चार अक्तूबर की पंचायत और अभिमन्यु कोहाड़ का अनशन स्थगित कर दिया गया है। अब सात अक्तूबर की बैठक में होने वाली बातचीत के बाद किसानों की ओर से अगला निर्णय लिया जाएगा।
वहीं, गुहणा धरना स्थल पर किसानों ने एक बार फिर रणबीर सिंह को धरने की जिम्मेदारी सौंपी है। किसानों का कहना है कि आगे की रणनीति सर्वसम्मति से तय की जाएगी।