यमुना क्षेत्र में निरीक्षण करने पहुंचे सोनीपत के अधिकारी व किसान।
राई। यमुना क्षेत्र में एक बार फिर से सीमा विवाद को लेकर हरियाणा और उत्तर प्रदेश के किसान आमने-सामने हो गए हैं। सोनीपत के किसानों ने प्रशासन को शिकायत दी है कि उत्तर प्रदेश की तरफ अवैध रूप से ठोकर बनाई जा रही है। जिससे यमुना का प्रवाह हरियाणा की तरफ मोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। जिसका पता लगते ही प्रशासनिक अमले ने ठोकर बनाने का काम रुकवा दिया है। इसे लेकर जल्द बैठक कर समस्या का हल निकालने की पहल होगी।
यमुना क्षेत्र में बांध के अंदर की जमीन को लेकर दोनों प्रदेश के किसानों में अक्सर विवाद होता है। फसल बुवाई का समय आते ही किसान एक-दूसरे से टकराव के लिए तैयार हो जाते हैं। कागजात में काफी जमीन ऐसी है जिसे दोनों प्रदेश के किसानों के नाम दिखाया जाता है। ऐसे में यमुना की धारा से भी छेड़छाड़ की जाती है। सोनीपत के यमुना से सटे गांवों के किसानों का आरोप है कि उत्तर प्रदेश के बागपत के गांव सिसाना और आसपास किसान और रेत माफिया यमुना में अवैध ठोकर बनाते हैं। इससे यमुना की धारा बदल जाती है। ऐसे में गांव मनौली व अटेरना के दर्जनों किसान करणी सेना के प्रदेश महामंत्री दीपक चौहान, ताहर सिंह और मनौली के सरपंच धर्मवीर सिंह के नेतृत्व में उपायुक्त सोनीपत से मिलकर अवैध रूप से यमुना में ठोकर बनाने की शिकायत दी थी। उपायुक्त के आदेश पर तहसीलदार जीवेंद्र मलिक, नायब तहसीलदार अंकित कुमार और राई थाना टीम यमुना के बागपत क्षेत्र में पहुंची। टीम का कहना है कि बागपत के अधिकारियों से भी संपर्क किया गया। दोनों जिलों के अधिकारियों की बैठक कर समस्या को निपटाया जाएगा।