पहलवान बजरंग पूनिया के पिता बलवान पूनिया ने अपनी पोस्ट में लिखा कि बापूजी हमारे साथ नहीं रहे। आज शाम सवा छह बजे उन्होंने आखिरी सांस ली। उन्होंने बड़ी मेहनत से हम लोगों को यहाँ तक पहुंचाया था। वे हमारे पूरे परिवार की रीढ़ थे।
टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक विजेता और भारतीय फ्रीस्टाइल पहलवान बजरंग पूनिया के पिता बलवान पूनिया का आज दिल्ली के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। वह लंबे समय से बीमार थे और आज शाम 6:15 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। इस दुखद खबर की जानकारी बजरंग पूनिया ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए दी।
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बजरंग ने अपनी पोस्ट में लिखा कि बापूजी हमारे साथ नहीं रहे। आज शाम सवा छह बजे उन्होंने आखिरी सांस ली। उन्होंने बड़ी मेहनत से हम लोगों को यहाँ तक पहुंचाया था। वे हमारे पूरे परिवार की रीढ़ थे। समझ नहीं आ रहा कि उनके बिना आगे जीवन कैसा होगा।"बलवान पूनिया स्वयं एक पहलवान रहे थे और उन्होंने बजरंग को कम उम्र से ही कुश्ती के गुर सिखाए। उनके प्रोत्साहन और त्याग ने बजरंग को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
बजरंग का परिवार हरियाणा के झज्जर जिले के खुडन गांव से है, लेकिन पिछले कई वर्षों से सोनीपत के मॉडल टाउन में रह रहा था।बलवान पूनिया का अंतिम संस्कार कल, 12 सितंबर 2025 को झज्जर जिले के उनके पैतृक गांव खुडन में किया जाएगा।