फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सम्मान पाकर मेधावी विद्यार्थियों के चेहरे खिले

विज्ञापन
लघु सचिवालय के सभागार में अमर उजाला मेधावी छात्र सम्मान समारोह में डीसी श्यामलाल पूनिया व ट्रेन? - फोटो : Sonipat
विज्ञापन
सोनीपत। लघु सचिवालय के सभागार में मंगलवार को अमर उजाला की ओर से मेधावी छात्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इसमें हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के 10वीं व 12वीं के जिला टॉपरों को सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि डीसी श्यामलाल पूनिया और विशिष्ट अतिथि ट्रेनी आईएएस सलोनी शर्मा ने जिले के 10 टॉपरों को मेडल पहनाने के साथ ही प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। जहां सम्मान पाकर सभी मेधावियों के चेहरे खिल गए।
विज्ञापन

डीसी ने छात्रों की राष्ट्र निर्माण में अहम भूमिका बताते हुए अपना लक्ष्य निर्धारित करके लगातार आगे बढ़ते रहने के लिए प्रेरित किया। वहीं टॉपरों ने सिविल सर्विस, सेना, न्यायिक सेवा, चिकित्सा क्षेत्र में जाने का लक्ष्य बताया और इस लक्ष्य को तय करते हुए ही पढ़ाई करते हुए आगे भी टॉपर बनने की बात कही।
सम्मान समारोह में 10वीं व 12वीं के दस टॉपर अपने परिजनों के साथ पहुंचे। इस अवसर पर डीसी श्यामलाल पूनिया ने विद्यार्थियों को आगे बढ़ते रहने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि अच्छा व्यक्ति बनने के लिए कड़ा परिश्रम करना पड़ता है और उस कड़े परिश्रम का परिणाम भी जरूर मिलता है। डीसी ने विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ ही माता-पिता के कामों में हाथ बंटाने और उनसे मिले संस्कारों का पालन करने के लिए कहा। डीसी ने कहा कि हर किसी को लक्ष्य निर्धारित करते हुए आगे बढ़ना चाहिए, क्योंकि इस समय चुनौतियां काफी बढ़ गई हैं और उन चुनौतियों को पार करने के लिए पढ़ाई से लेकर अन्य सभी कार्य को योजना बनाकर करना होगा। डीसी ने भविष्य में प्रतियोगी परीक्षाओं में समाचार पत्र के माध्यम से देश-विदेश की घटनाओं की जानकारी रखने के साथ ही संपादकीय भी पढ़ने की सीख दी। विद्यार्थियों को बताया कि जिस क्षेत्र में जाने के लिए उन्होंने अपना लक्ष्य तय किया हुआ है, उससे संबंधित पढ़ाई पर ज्यादा देना चाहिए। डीसी ने पढ़ाई के साथ ही शारीरिक गतिविधियों व खेल पर भी ध्यान देने के लिए विद्यार्थियों से कहा, क्योंकि शरीर बेहतर होगा तो पढ़ाई व अन्य कार्य भी बेहतर होंगे।
विज्ञापन

हर क्षेत्र में अव्वल आकर सोच बदल रही बेटियां : सलोनी शर्मा
ट्रेनी आईएएस सलोनी शर्मा ने कहा कि सम्मान समारोह में 10 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया है और उनमें 8 छात्राएं टॉपरों में शामिल हैं। यह देखकर काफी खुशी होती है कि इस तरह से हर क्षेत्र में बेटियां अव्वल आकर सोच बदल रही है। क्योंकि पहले बेटियों व बेटों में पहले अंतर समझा जाता था, लेकिन अब बेटियां सिविल सेवा, खेल, शिक्षा, चिकित्सा, विज्ञान, राजनीति सभी जगह आगे बढ़ रही हैं। जिससे हर किसी की सोच बदली है और अब बेटियों को आगे बढ़ने के लिए सहयोग भी किया जाने लगा है जो एक सकारात्मक पहलू है। आईएएस सलोनी शर्मा ने कहा कि जितने भी विद्यार्थी सम्मानित हुए हैं, उनको आगे भी इस तरह ही टॉपर बनते रहना है और वह सभी अपना लक्ष्य निर्धारित करके पढ़ाई करते रहे। क्योंकि लक्ष्य निर्धारित करने वालों को कामयाबी जरूर मिलती है।
--
मेरा लक्ष्य सिविल सर्विस में जाना है, जहां मैं समाज के लिए कुछ कर सकूं। इसके लिए कक्षा 11वीं में नॉन मेडिकल को चुना है। इस सम्मान से प्रोत्साहन मिला है। उम्मीद है कि अगली कक्षाओं में टॉप करके ऐसे ही सभी का नाम रोशन करूं।
- सोमिन, कक्षा 10वीं
--
सम्मान मिलने से बेहद खुश हूं। मेरा लक्ष्य देश सुरक्षा के लिए सेना में जाना है और उसके लिए ही एनडीए की तैयारी शुरू कर दी है। देश के लिए कुछ करने की इच्छा है। अगली कक्षाओं में कड़ी मेहनत करते हुए टॉप करने का प्रयास जारी रहेगा।
- रितिक, कक्षा 10वीं
--
यहां आकर सभी के विचारों को सुना, जिनसे काफी प्रभावित हुई हूं। मेरा लक्ष्य न्यायिक सेवा क्षेत्र में जाना है। इसके लिए पढ़ाई शुरू कर दी गई है। 12वीं की पढ़ाई के बाद एलएलबी करूंगी। सम्मान समारोह में सम्मानित होकर बहुत खुशी हुई है।
- ईशिका कक्षा 10वीं
--
मुझे 10वीं कक्षा में भले ही दूसरा स्थान प्राप्त हुआ हो, लेकिन आगे प्रथम आने का प्रयास रहेगा और उसके लिए लगातार मेहनत कर रही हूं। मेरा लक्ष्य यूपीएससी की परीक्षा पास करके सिविल सेवा में जाना है। उसको ध्यान में रखकर ही पढ़ाई कर रही हूं।
- कीर्ति कक्षा 10वीं
--
मेरी चिकित्सा क्षेत्र में जाने की इच्छा है। जिससे मैं डॉक्टर बनकर देशसेवा में सहयोग दूंगी। इसलिए मैंने 11वीं कक्षा में मेडिकल संकाय को चुना है। सम्मान मिलने से काफी खुशी हुई है और इससे आगे भी बेहतर करने का प्रोत्साहन मिला है।
- दीपिका कक्षा 10वीं
--
मेरा लक्ष्य है कि आगे भी इस तरह ही पढ़ाई करके जिले में टॉप करूं। क्योंकि पढ़ाई के सहारे ही यहां सम्मान मिला है, जिससे काफी खुशी हुई है। अभी केवल पढ़ाई पर फोकस है।
- तन्नू कक्षा 10वीं
--
जिस तरह से इसबार टॉपरों में जगह बनाई है, इस तरह आगे भी पढ़ाई करके प्रदेश के टॉपरों में जगह बनाने का प्रयास रहेगा। क्योंकि पढ़ाई के सहारे ही मान-सम्मान मिलता है और मेरा लक्ष्य देश सेवा करना है।
- प्रियंका कक्षा 10वीं
--
मेरा लक्ष्य न्यायिक सेवा में जाना है। न्यायिक सेवा में जाने के लिए ज्यादा मेहनत करूंगी। यहां जिस तरह से अतिथियों ने हमें आगे बढने का मूलमंत्र बताया है। उसी के अनुसार आगे बढने का प्रयास करूंगी और अपने लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए सफलता प्राप्त करने की कोशिश करूंगी।
- रितिका कक्षा 12वीं
--
मेरा आईपीएस बनने का लक्ष्य है और इस लक्ष्य को लेकर ही पढ़ाई कर रही हूं। क्योंकि इस लक्ष्य को हासिल करके देश के लिए भी कुछ कर सकेंगे। सम्मान पाकर भी काफी खुशी मिली है।
- शिक्षा कक्षा 12वीं
--
मेरा लक्ष्य सिविल सेवा में जाने का रहा है। अभी कॉलेज में दाखिला लेने के साथ सिविल सेवा की तैयारी भी करती रहूंगी। इसके लिए माता-पिता व शिक्षकों से सहयोग भी मिल रहा है। यहां सम्मान मिलने पर ज्यादा खुशी हो रही है।
विज्ञापन

- भावना कक्षा 12वीं
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें