सोनीपत। एसटीएफ की टीम ने सात साल से फरार चल रहे 25000 रुपये के इनामी हत्यारोपी जसबीर उर्फ बाला को गिरफ्तार कर लिया है। वह मां का इलाज कराने के नाम पर जेल से अवकाश लेने के बाद भूमिगत हो गया था। आरोपी पहचान बदलकर पंजाब और मध्यप्रदेश में छिपता रहा।
डीएसपी गन्नौर जोगेंद्र राठी ने बताया कि 23 फरवरी, 2012 को केडी नगर गन्नौर के रहने वाले प्रमोद ने गन्नौर थाना में शिकायत दी थी कि वह गन्नौर के शोभित उर्फ रोमी, पुनीत, संदीप और दिल्ली के अंकित के साथ स्टाक मार्केटिंग के कार्यालय में बैठे थे। उस दौरान जसबीर उर्फ बाला एक अज्ञात व्यक्ति के साथ वहां आया था। बाला ने आते ही चाकू से रोमी पर वार किया था। जिससे उसकी गर्दन काफी कट गई थी। हमले में संदीप भी बीचबचाव में घायल हो गया था। हमलावर जान से मारने की धमकी देकर भाग गए थे। घायल रोमी की उपचार के दौरान मौत हो गई थी। इस मामले में आरोपी जसबीर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। वह 2 दिसंबर, 2013 को मां की बीमारी का उपचार कराने के नाम पर 23 दिन के अवकाश पर आया था। उसके बाद वह फरार हो गया था। न्यायालय ने उसे वर्ष 2014 में भगोड़ा घोषित किया था। उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया। अब एसटीएफ सोनीपत को सोमवार को उसके करनाल क्षेत्र में आने की सूचना मिली थी। जिस पर टीम ने उसे करनाल से काबू किया है।
इन मामलों में रहा है नामजद
- वर्ष 2010 में घर में घुसकर मारपीट करना।
- वर्ष 2006 में सार्वजनिक स्थान पर हुड़दंग मचाकर दहशत फैलाना।
- वर्ष 2006 में तोड़फोड़ करने व जान से मारने की धमकी देने में नामजद।
- वर्ष 2008 में तोड़फोड़ और जान से मारने की धमकी देने की घटना में नामजद।
- वर्ष 2011 में हुड़दंग मचाकर दहशत फैलाने का आरोप।
- वर्ष 2021 में न्यायालय के आदेशों की अवहेलना का आरोप।
वर्जन
गन्नौर क्षेत्र का कुख्यात जसबीर उर्फ बाला लोगों को डराता रहता है। वह भागकर पंजाब और मध्यप्रदेश में छिप जाता था। आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी।
- सतीश देशवाल, प्रभारी, एसटीएफ सोनीपत।