गन्नौर। गांव राजलूगढ़ी के पास बादशाही रोड स्थित रेलवे अंडरपास के नजदीक रविवार शाम को गेहूं की फांस में लगी आग से नुकसान हो गया। तेज हवा के चलते आग ने देखते ही देखते आसपास के खेतों को भी अपनी चपेट में ले लिया जिससे करीब 50 एकड़ में फैली फांस जलकर राख हो गई।
किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा। आग की लपटें अंडरपास के पास से गुजर रही बिजली लाइन तक पहुंच गईं। इस दौरान बिजली के हाइटेंशन पोल और हाइटेंशन तार भी क्षतिग्रस्त हो गए। इसी कारण रेलवे लाइन क्रॉसिंग के लिए दबाई गई एक्सएलपीई केबल में आग लगने से डबल सर्किट हो गया और करीब छह बड़ी केबल जल गईं।
इससे 144 केवी लाइन प्रभावित होने के कारण भोगीपुर पावर हाउस की सप्लाई रविवार शाम करीब 6 बजे पूरी तरह बंद हो गई। बिजली आपूर्ति ठप होने से राजलूगढ़ी, भोगीपुर, पांची जाटान, उद्देशीपुर और अगवानपुर गांवों के लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। रात के समय इनवर्टर जवाब दे गए और लोग बिजली के इंतजार में रहे।
हालांकि विभाग ने राहत देते हुए आसपास के पावर हाउस से अस्थायी व्यवस्था कर कुछ समय के लिए बिजली सप्लाई दी लेकिन यह पर्याप्त नहीं रही। सोमवार सुबह बिजली विभाग के अधिकारी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। कर्मचारियों ने तुरंत जली हुई केबल बदलने का कार्य शुरू कर दिया।
एसडीओ अभिषेक ने बताया कि सोमवार शाम तक केबल बदलकर भोगीपुर पावर हाउस की सप्लाई पूरी तरह बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों ने मांग की है कि रेलवे क्राॅसिंग के नीचे डाली गई केबलों की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं क्योंकि गेहूं के सीजन में हर साल आग लगने का खतरा बना रहता है।
- ग्रामीणों ने दिया धरना
बिजली सप्लाई बाधित रहने के कारण गांव उदेशीपुर स्थित पावर हाउस पर भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले ग्रामीणों ने धरना प्रदर्शन किया। किसान नेता वीरेंद्र पहल ने कहा कि बिजली न होने से पानी, पशुओं के चारे और मच्छरों से बीमारियों का संकट बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि समाधान नहीं हुआ तो दफ्तर की बिजली काटकर ताला लगाया जाएगा। बाद में बिजली निगम के अधिकारी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों ने आगजनी की घटना और निगम की ओर से किए जा रहे प्रयासों के बारे में बताया जिसके बाद ग्रामीण वापस लौट गए।
सोनीपत में गन्नौर के गांव राजलुगढ़ी में बिजली के खंभे से उठ रही आग की लपटें। संवाद