अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना/सोनीपत।
रोजाना करोड़ों यात्रियों को सफर कराने वाली रेलवे की व्यवस्था रविवार को बेपटरी पर रही। हालात ये रहे कि ट्रेन छूटने वाली थी और यात्रियों को टिकट देने वाला कोई नहीं था। सभी टिकट खिड़कियां बंद थीं। लोग घंटों लाइन में लगे रहे, जब ट्रेन छूटने लगी अचानक भगदड़ मच गई। लोग भागकर बेटिकट ट्रेन पर चढ़ गए। शुक्र रहा किसी को कोई चोट नहीं लगी। कई यात्रियों ने तो बिना टिकट सफर रद्द कर दिया। स्टेशन मास्टर ने बताया कि टिकट कर्मी के न आने से खिड़की बंद थी।
गोहाना रेलवे स्टेशन पर तीन टिकट काउंटर बनाए गए है, जिनमें दो काउंटर पर रोजाना वाले लोकल टिकट मिलते हैँ तो तीसरे पर टिकट की बुकिंग की जाती है। रेलवे स्टेशन पर रविवार को दोनों लोकल काउंटर में किसी पर भी कर्मी मौजूद नहीं था, जबकि वहां सुबह से लोगों की लाइन लगनी शुरू हो गई। लोगों की लाइन इस उम्मीद में बढ़ती चली गई कि काउंटर जल्द ही खुल जाएगा और वह ट्रेन में सफर कर सकेंगे। लेकिन वहां कई घंटे तक भी टिकट कर्मी नहीं पहुंचा और खिड़की बंद ही रही। जबकि वहां टिकट लेने के लिए सैंकड़ों लोग जमा हो गए और उनकी ट्रेन भी छूटनी शुरू हो गई। जब लोगों का धैर्य जवाब दे गया तो लोगों ने वहां हंगामा कर दिया और उसके बाद वह बिना टिकट ही ट्रेन में सवार हो गए। इस तरह लोगों को मजबूरी में बिना टिकट ही ट्रेन में सफर करना पड़ा और यह सिलसिला रविवार को दिनभर चलता रहा। इस तरह रविवार को लगभग एक हजार से ज्यादा लोगों ने ट्रेन में बिना टिकट सफर किया, जिससे रेलवे को बड़ा नुकसान झेलना पड़ा।
टिकट के बिना सफर, दिल में रहा डर
गोहाना रेलवे स्टेशन पर टिकट काउंटर नहीं खुलने पर लोगों ने बिना टिकट सफर जरूर किया, लेकिन उनके दिल में पकड़े जाने का डर भी रहा। क्योंकि सोनीपत व गोहाना में किसी भी समय दिल्ली की टीम पहुंचकर चेकिंग शुरू कर देती है और वह टे्रन के अंदर भी चेकिंग करती है। इसके अलावा जिस स्टेशन पर जाकर वह उतरते है, वहां भी चेकिंग मिल सकती है। इस कारण ही लोगों के अंदर डर रहा कि अगर टीम ने स्टेशन पर आकर चेकिंग शुरू कर दी तो उनके लिए बड़ी परेशानी खड़ी हो सकती है।
लोगों ने स्टेशन पर किया हंगामा
गोहाना रेलवे स्टेशन पर टिकट काउंटर नहीं खुलने पर लोगों ने हंगामा भी किया। लोगों का आरोप है कि वहां टिकट काउंटर पर कर्मी के नहीं रहने की समस्या काफी समय से आ रही है और वह इसकी शिकायत कई बार अधिकारियों से कर चुके है। इसके बावजूद समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा और इस कारण ही उनको परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों ने जल्द से जल्द समस्या के समाधान किए जाने की मांग की, जिससे टिकट लेने के लिए उनका समय खराब नहीं हो सके।
टिकट काटने वाला कोई भी कर्मचारी नहीं पंहुचा, जिससे टिकट खिड़की बंद रही। इस बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है और यह भी बताया गया कि कर्मी के नहीं आने से लोगों को टिकट नहीं मिल सकी। टिकट नहीं मिलने पर अधिकतर लोगों ने बिना टिकट के ट्रेन में सफर किया।
- महेंद्र सिंह, स्टेशन मास्टर, गोहाना रेलवे स्टेशन