अमर उजाला ब्यूरो
सोनीपत। आईटीआई सोनीपत में प्रचार्य के तबादले की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे विद्यार्थियों ने उनके खिलाफ झूठे आरोप लगाने की बात कही है। उन्होंने कहा कि आईटीआई के जिस छात्र पर हमले का उन पर आरोप लगा है वह स्वयं मना कर रहा है कि उस पर अन्य छात्रों ने हमला किया था। साथ ही शनिवार को छात्रों ने बैठक कर फैसला किया कि अब प्राचार्य के खिलाफ चंडीगढ़ जाकर आईटीआई के निदेशक को ज्ञापन सौंपा जाएगा, ताकि उनकी मांग जल्द से जल्द पूरी हो सके।
विदित रहे कि प्राचार्य पर बदसलूकी का आरोप लगाकर आईटीआई के छात्र दस दिन से प्राचार्य के तबादले की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। इस दौरान छात्र कई बार लघु सचिवालय में धरना देकर विरोध दर्ज करवा चुके हैं, वहीं कैबिनेट मंत्री के सामने भी अपनी बात रखने की कोशिश कर चुके हैं। रोषित छात्रों ने आईटीआई के आला अधिकारियों तक अपनी बात पहुंचाने का फैसला किया है।
शनिवार को प्राचार्य के खिलाफ कोई कार्रवाई न होने से खफा आईटीआई के छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर रोष प्रदर्शन किया। रोषित छात्रों ने आरोप लगाया कि प्रशासन आंदोलन और छात्रों का दमन कर रहा है। साथ ही उन्होंने आंदोलन में शामिल न होने वाले छात्र की पिटाई करने के आरोपों को नकारते हुए रोषित छात्रों ने बताया कि यह आंदोलन को बदनाम करने के लिए प्राचार्य द्वारा उठाया गया कदम है। आंदोलनकारी छात्रों ने किसी छात्र को आंदोलन में शामिल होने का दबाव नहीं बनाया है। प्राचार्य की छात्रों के साथ की गई बदसलूकी के कारण ही यह आंदोलन शुरू हुआ है। उन्होंने बताया कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती, तब तक उनका आंदोलन चलता रहेगा।