- जनगणना कार्य में लगे अधिकारी व कर्मचारी जिम्मेदारी के साथ निभाएं अपनी ड्यूटी : नगराधीश अजय सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय के टैगोर भवन में वीरवार को जनगणना-2027 के पहले चरण हाउस लिस्टिंग एवं हाउसिंग सेंसस को लेकर जनगणना से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों के प्रशिक्षण के लिए कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला के पहले दिन डिविजनल ट्रेनर राधा रमण, जिला कोऑर्डिनेटर हिमांशु ने जनगणना से जुड़े पहलुओं पर बारीकी से जानकारी दी। नगराधीश अजय सिंह ने कहा कि देश के विकास और उन्नति के लिए जनगणना बहुत महत्वपूर्ण है। इसी के आधार पर ही रिसर्च, प्लानिंग आदि व्यवस्थाओं का आधार मानकर ही कार्य किया जा जाता है।
वर्ष 2011 में जनगणना हुई थी और अब इस वर्ष से जनगणना की जाएगी। अबकी बार जनगणना डिजिटल माध्यम से होगी। इसलिए इस कार्य में लगे सभी अधिकारी व कर्मचारी अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभाएं और इसे समयबद्ध एवं त्रुटिहीन रूप से संपन्न करें।
डिविजनल ट्रेनर राधा रमण ने कहा कि जनगणना से देश की जनसंख्या, सामाजिक-आर्थिक स्थिति तथा विभिन्न संसाधनों की सटीक जानकारी प्राप्त होती है। जनगणना को लेकर दिए जा रहे प्रशिक्षण को अच्छे प्राप्त करें। यदि कोई समस्या आ रही है तो प्रशिक्षक से जरूर पूछें। इस राष्ट्रीय दायित्व को पूरी निष्ठा और अनुशासन के साथ निभाएं।
इस अवसर पर नगराधीश अजय सिंह, डीआरओ संजय बिश्नोई, जिला सांख्यिकी अधिकारी अमिता सिंह, ललित कुमार, अजय, सुनील सहित तहसीलदार, नगर परिषद व नगर पालिका के सचिव, जनगणना लिपिक उपस्थित रहे।
केंद्र सरकार की निगरानी में रहेगी जनगणना : हिमांशु
जिला कोऑर्डिनेटर हिमांशु ने कहा कि यह प्रक्रिया सीधे तौर पर केंद्र सरकार की निगरानी में है। भविष्य की सभी सरकारी नीतियों व जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का मुख्य आधार बनेगी। डेटा प्रविष्टि में किसी भी प्रकार की त्रुटि की गुंजाइश नहीं होनी चाहिए। फील्ड स्टाफ को किसी भी तकनीकी या व्यावहारिक समस्या के समाधान के लिए तुरंत अपने सुपरवाइजर सहित अन्य जिला अधिकारियों से संपर्क करने की छूट है।
जिला सांख्यिकी अधिकारी अमिता सिंह ने कहा कि जनगणना को लेकर प्रशिक्षण शुक्रवार को भी होगा। कार्यशाला के दौरान बताया जा रहा है कि जनगणना के दौरान किन-किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और मैटीरियल वितरण कैसे होगा व अन्य विषयों पर गहनता से जानकारी प्रदान की जा रही है।