सुसाइड नोट में बयां की व्यथा, कुछ और लोगों को भी ठहराया माैत का जिम्मेदार, पुलिस जांच में जुटी
संवाद न्यूज एजेंसी
ओढां (सिरसा)। गांव रोहिड़ांवाली निवासी एक शिक्षक ने अपने घर में कीटनाशक पीकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने सुसाइड नोट भी बरामद किया है। इसमें शिक्षक ने गांव खुईयां नेपालपुर निवासी एक महिला पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाते हुए मौत का जिम्मेदार ठहराया है। ओढां पुलिस ने मृतक की पत्नी के बयान और सुसाइड नोट के आधार पर महिला के खिलाफ केस दर्ज किया है।
सामाजिक विज्ञान के अध्यापक महेंद्र सिंह (53) शुक्रवार को घर में अकेले थे। महेंद्र की पत्नी मैनावती गांव पन्नीवाला मोटा के सरकारी स्कूल में शिक्षक हैं। सुबह महेंद्र के दोनों बच्चे स्कूल चले गए थे। वह अपनी पत्नी को स्कूल में छोड़कर घर आ गया। उसने घर का गेट बंद कर कीटनाशक पी ली। महेंद्र ने एक सुसाइड नोट भी छोड़ा है। उसकी पत्नी मैनावती जब घर पहुंचकर गेट खटखटाया, लेकिन महेंद्र ने गेट नहीं खोला और न ही फोन उठाया। मैनावती ने आस-पड़ोस के लोगों को सूचना दी। इसके बाद एक युवक दीवार फांदकर अंदर दाखिल हुआ और गेट खोला। इस दौरान महेंद्र के मुंह से झाग निकल रहे थे और वह चारपाई पर मृत पड़ा था। लोगों ने महेंद्र को अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। सूचना के बाद ओढां थाना प्रभारी अनिल कुमार, डीएसपी राजीव कुमार व सीन ऑफ क्राइम टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए। महेंद्र दिसंबर 2023 से गांव खुईयांनेपालपुर के सरकारी स्कूल से जलालआना के स्कूल में डेपुटेशन पर था। वर्तमान में उसकी ड्यूटी सिरसा निर्वाचन कार्यालय में थी।
मृतक महेंद्र के भतीजे संदीप ने डीएसपी को बताया कि इस घटना के पीछे अकेली एक महिला नहीं बल्कि कोई और भी हैं। उसके चाचा ने खुईयां नेपालपुर स्कूल के इंचार्ज को कई बार कहा था कि महिला के साथ समझौता करवा दें, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। संदीप के मुताबिक इस मामले में पीछे भी 1-2 बार स्कूल में पंचायत हुई थी। इसके चलते परेशान हो कर उसके चाचा ने जान दी है।
ये लिखा सुसाइड नोट में
‘मेरी मौत की जिम्मेवार गांव खुईयां नेपालपुर निवासी महिला है। इनकी मां स्कूल में खाना बनाती है। महिला मुझे अपने मोबाइल नंबर से कॉल करती थी। उसने मुझे ब्लैकमेल किया। वह मुझसे रुपये हड़पने के उद्देश्य से फोन करती थी। वह सजा की हकदार है, ताकि और किसी की जिंदगी बेकार न हो। उसके पास एक और मोबाइल नंबर भी था। मेरी मौत का जिम्मेदार यह अकेली महिला नहीं बल्कि और भी हैं।
मृतक महेंद्र के भतीजे संदीप ने डीएसपी को बताया कि इस घटना के पीछे अकेली एक महिला नहीं बल्कि कोई और भी हैं। उसके चाचा ने खुईयां नेपालपुर स्कूल के इंचार्ज को कई बार कहा था कि महिला के साथ समझौता करवा दें, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। संदीप के मुताबिक इस मामले में पीछे भी 1-2 बार स्कूल में पंचायत हुई थी। इसके चलते परेशान हो कर उसके चाचा ने जान दी है। इस मामले की पूर्ण रूप से जांच कर सभी आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। डीएसपी ने परिजनों को आश्वस्त किया कि पुलिस अपनी कार्रवाई कर रही है।
महेंद्र कुमार हमारे स्कूल में एसएस टीचर के रूप में कार्यरत था। वर्तमान में वह सिरसा निर्वाचन कार्यालय में ड्यूटी कर रहा था। मेरा उससे करीब 8 माह से कोई ज्यादा संपर्क नहीं हुआ। कई बार फोन पर मैंने उसे स्कूल में ड्यूटी ज्वाइन करने के लिए कहा था, लेकिन उसने यहां पर मन न होने की बात कहते हुए कहा कि चुनाव के बाद देखूंगा। उसने मुझसे कभी घरेलू या निजी विषय पर बात नहीं की। अंतिम बार उससे 8 जून को मेरी बात हुई थी वो भी उसकी एसीआर बनाकर भेजनी थी। उसने सुसाइड क्यों किया इस विषय में मुझे कोई जानकारी नहीं है। मैं खुद हैरान हूं कि उसने इतना बड़ा कदम क्यों उठाया। -राजेन्द्र डूडी, इंचार्ज मिडिल स्कूल खुईयांनेपालपुर।
घटनास्थल पर सुसाइड नोट बरामद हुआ है। मृतक ने एक महिला को मौत का जिम्मेदार ठहराया है। जिसके आधार पर पुलिस ने महिला के खिलाफ केस दर्ज किया है। सुसाइड नोट की जांच की जा रही है। साथ में इस बात की भी जांच की जा रही है कि आखिर आरोपी महिला मृतक अध्यापक को किस बात पर ब्लैकमेल कर रही थी। - अनिल कुमार, थाना प्रभारी (ओढां)।