गांव चौटाला में डबल मर्डर के 11 दिन बाद रविवार देर रात अज्ञात लोगों ने इनेलो समर्थक एवं कई संगीन अपराधिक मामलों में आरोपी छोटू भाट के घर फायरिंग की। ताबड़ तोड़ फायरिंग की आवाज सुनकर एक बार फिर से गांव चौटाला के ग्रामीण सहम उठे। घटना की सूचना मिलने पर डीएसपी डबवाली सतपाल यादव, सदर थाना प्रभारी विनोद कुमार व चौटाला चौकी इंचार्ज बलबीर सिंह मौके पर पहुंचे। पुलिस ने छोटू भाट की मां संतोष देवी के बयान पर अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज करके मामले की जांच शुरू कर दी है। खास बात यह है कि डबल मर्डर कांड में पुलिस ने छोटू भाट को नोटिस जारी करके जांच में शामिल होने के लिए बुलाया था लेकिन छोटू भाट जांच अधिकारियों समक्ष पेश नहीं हुआ। आखिरकार सोमवार दोपहर अदालत से छोटू भाट का गिरफ्तारी वारंट लेना पड़ा। अब पुलिस उसे हिरासत में लेकर डबल मर्डर कांड के सिलसिले में पूछताछ करेगी।
जानकारी के अनुसार गांव चौटाला निवासी छोटू भाट कई संगीन अपराधिक मामलों में आरोपी है। 17 जनवरी को उसे सिरसा अदालत से जानलेवा हमला करने के मामले में जमानत मिल गई थी। शाम को सिरसा जेल से रिहा होने के बाद छोटू भाट गांव चौटाला में रह रहा है। चौटाला डबल मर्डर कांड में पुलिस ने उसे नोटिस भेजकर जांच में शामिल होने को कहा लेकिन छोटू भाट जांच अधिकारियों के समक्ष पेश नहीं हुआ। रविवार देर रात छोटू भाट के घर पर कुछ लोग गोलियां चलाने लगे।
ज्यादातर गोलियां घर को ऊपर हवा में चलाई गईं। कई गोलियां घर के गेट और दीवार पर जाकर लगी। ताबड़तोड़ फायरिंग से गांव वाले सहम गए उन्हें 11 जनवरी की डबल मर्डर वाली रात याद आने लगी। कोई भी ग्रामीण घर से बाहर निकलकर नहीं आया। फायरिंग की आवाजें थमी तो छोटू भाट के घर से एक वृद्ध जो कि रिश्तेदारी में उसका साडू लगता है निकलकर बाहर आया। इसके बाद घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने सूचना मिलते ही चोरों तरफ नाकेबंदी करवा दी। डीएसपी सतपाल यादव, सदर थाना प्रभारी विनोद व चौटाला चौकी प्रभारी बलबीर सिंह मौके पर पहुंचे।
प्री प्लान साजिश के रूप में सामने आ रही है घटना
छोटू भाट के घर पर हुई फायरिंग प्री प्लान के रूप में सामने आ रही है। फायरिंग के समय घर में छोटू भाट और उसके परिवार का कोई सदस्य नहीं था। दोनों गाड़ियां घर खड़ी थीं। दूरी की रिश्तेदारी में साडू लगने वाला एक वृद्ध घर पर सोया हुआ था। बेहद खास बात यह है कि फायरिंग गाड़ी में बैठे किसी शख्स ने नहीं की। सूत्रों के अनुसार फतेहाबाद से आए फारेंसिक विशेषज्ञ ने पुलिस अधिकारियों को बताया है कि फायरिंग जमीन पर खडे़ होकर की गई है। दीवार व गेट पर गोलियों के निशान हैं लेकिन एक भी गोली दीवार में धंसी या जमीन पर गिरी पड़ी नहीं मिली। सारी गोलियां एक ही जगह पर खडे़ होकर चलाई गई है। घर की तरफ कोई गाड़ी न तो आई और न ही यहां से गई। फायरिंग करने वाला शख्स पैदल आया था। इस जांच से पुलिस इस घटना को प्री प्लान के तौर पर देख रही है। क्योंकि ये काम किसी बदमाशों का होता तो वह गाड़ी में बैठे-बैठे फायरिंग करते और वे चलाई गई गोली के खोल छोड़कर और सिक्कों को इक्ट्ठा करके अपने साथ नहीं ले जाते। ऐसे में यही लगा रहा है कि परिवार के लोगों ने ये हमला करवाया। इसका मकसद क्या है ये छोटू भाट से पूछा जाएगा।
पुलिस ने भेजा था नोटिस
चौटाला डबल मर्डर कांड मामले की जांच में जुटे पुलिस अधिकारियों ने छोटू भाट को नोटिस जारी करके जांच में शामिल होने के लिए बुलाया था। लेकिन छोटू पुलिस समक्ष पेश नहीं हुआ। सोमवार को पुलिस ने डबवाली कोर्ट से उसका गिरफ्तारी वारंट हासिल किया है। अब पुलिस उसे हिरासत में लेकर डबल मर्डर मामले की जांच में शामिल करेगी। फिहलाल छोटू भाट के घर पर फायरिंग करने के मामले में मां संतोष देवी की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया है। घर के बाहर 11 चले हुए और दो जिंदा कारतूस पुलिस को मिले हैं।
-बलबीर सिंह, जांच अधिकारी एवं चौटाला चौकी इंचार्ज।
डबवाली कोर्ट में हुआ था छोटू भाट पर हमला
तीन महीने पहले छोटू भाट पर डबवाली कोर्ट में पेशी के दौरान हमला हुआ था। कार में सवार होकर आए बदमाशों ने दिन दहाड़े कोर्ट में उसपर गोलियां चलाई। हमले में गोली छोटू भाट के पैर पर लगी जिससे उसकी जान बच गई। हमले में एक पुलिस अधिकारी भी गोली लगने से घायल हो गया। ये हमला पंजाब की फिरोजपुर जेल में कैद गैंगस्टर रॉकी ने अपने शूटरों से करवाया था। राजस्थान पुलिस शूटरों को बीकानेर नेशनल हाईवे पर मुठभेड़ के दौरान काबू किया।