डबवाली। पुलिस लाइन में पुलिस स्मृति दिवस कार्यक्रम में महिला को सम्मानित करते हुए पुलिस।
डबवाली। पुलिस लाइन में मंगलवार को पुलिस स्मृति दिवस मनाया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक डबवाली निकिता खट्टर आईपीएस, उप पुलिस अधीक्षक कालांवाली संदीप धनखड़ एचपीएस, उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय कपिल अहलावत एचपीएस, सहित सभी थाना प्रबंधक, इंचार्ज सुरक्षा शाखा उप निरीक्षक सुभाष चंद्र व प्रभारी कल्याण शाखा उप निरीक्षक कृष्ण कुमार सहित अन्य अधिकारियों व जवानों ने भी शहीद हुए पुलिस व अर्धसैनिक बलों के जवानों का भावपूर्ण स्मरण किया गया और पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
पुलिस अधीक्षक निकिता खट्टर ने वीर जवानों के बलिदान से प्रेरणा लेने का आह्वान करते हुए कहा कि शहीदों के बलिदान को कभी नहीं भुलाया जा सकता। शहीदों की बदौलत ही हम आज आजादी की हवा में सांस ले रहे हैं तथा दुश्मनों से देश की सीमाएं सुरक्षित है। देश में पुलिस स्मृति दिवस 21 अक्तूबर को मनाया जाता है। 21 अक्तूबर 1959 को केंद्रीय आरक्षी पुलिस बल के 10 जवानों ने लद्दाख के हॉट स्प्रिंग्स में देश की सीमा की सुरक्षा करते हुए चीन की सेना के साथ हुई मुठभेड़ में अपने प्राण बलिदान किए थे। तभी से लेकर आज तक समस्त देश में इस दिन को पुलिस शहीदी दिवस के रूप में मनाया जाता है।
इससे पूर्व पुलिस गारद द्वारा शहीदों को सलामी दी गई तथा दो मिनट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। पुलिस अधीक्षक निकिता खट्टर ने शहीद हुए सिपाही भागीरथ की पत्नी श्रीमती उमा रानी व सिपाही गुरदास की पत्नी सतपाल कौर को शाल ओढ़ा कर कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि सिपाही गुरदास व सिपाही भागीरथ ने 23.12.1995 को डीएवी स्कूल मंडी डबवाली में हुए अग्निकांड में फंसे स्कूल स्टाफ व बच्चों को बचाते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। उन्होंने फर्ज के लिए अपना जीवन बलिदान किया है। उनकी शहादत पर पूरे पुलिस विभाग को गर्व है ।