सिरसा। त्योहारी सीजन और ठंड के मौसम को ध्यान में रखते हुए नगर परिषद ने शुक्रवार रात से पशु पकड़ो अभियान की शुरुआत की है। इस दौरान टीम ने शहर में रानियां रोड, सब्जी मंडी और औद्योगिक क्षेत्र से 24 पशु पकड़े। इन पशुओं को पकड़कर रामनगरिया गोशाला में छोड़ा गया।
इस अभियान का उद्देश्य सड़कों पर घूम रहे लावारिस पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर उनकी देखभाल करना है। इन पशुओं से रात के समय होने वाले हादसों को रोकना भी इस अभियान का उद्देश्य है। नगर परिषद के अधिकारियों का कहना है कि ठंड और कोहरे में ये पशु दिखाई नहीं देते। ये कई बार रात के समय सड़क के बीच में बैठ जाते हैं। इनसे टकरा कर कई वाहन चालक अपनी जान गंवा चुके और कई घायल हो चुके हैं। सबसे ज्यादा हादसे दोपहिया वाहन चालकों के साथ होते हैं। दूसरा सबसे बड़ा कारण फिलहाल त्योहारी सीजन है।
दिवाली पर बाजारों में काफी भीड़ होती है। ऐसे में कई बार ये पशु आपस में लड़ाई करने लग जाते हैं। इनके चपेट में आकर लोगों के घायल होने के खतरे के साथ नुकसान की भी आशंका रहती है। अधिकारियों के अनुसार अभियान के तहत, विशेष टीमें बनाई गई हैं जो शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर बेसहारा पशुओं को पकड़ेंगी। पकड़े गए पशुओं को गोशाला में छोड़ा जाएगा।
समाधान शिविर में आई थी शिकायत
प्रदेश सरकार ने लोगों की शिकायतों के लिए समाधान शिविरों की शुरुआत की है। इसमें शहर के लोगों ने बेसहारा पशुओं की समस्या और सफाई व्यवस्था की शिकायत की थी। शिविर में इस बारे में आठ से 10 शिकायतें आ चुकी हैं। इसके बाद अधिकारियों ने कर्मचारियों को इस बारे में निर्देश जारी किए। इसके बाद शहर में इस अभियान की शुरुआत की गई।
वीआईपी रोड पर बांधे जाते हैं सबसे ज्यादा पशु
शहर के वीआईपी रोड यानी रानियां रोड पर सबसे ज्यादा पशु डेयरियां हैं। इनके पशु सड़कों के किनारे बांधे जाते हैं। इसी क्षेत्र में सबसे ज्यादा बेसहारा पशु घूमते रहते हैं। इसकी जानकारी जिला प्रशासन को भी है। इसके बाद भी इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाया गया। इन लोगों को जागरूक करने तक का प्रयास भी नहीं किया जाता।
यह भी जानिये...
हाईवे पर 10 से 15 लोगों की होती है मौत, 100 से ज्यादा लोग घायल होते हैं।
हादसाग्रस्त होने वाले में सबसे ज्यादा संख्या दोपहिया वाहन चालकों की होती है।
बेसहारा पशुओं के चलते हर साल शहर में तीन से चार लोगों की मौत हो जाती है।
पशु पकड़ो अभियान शुक्रवार रात चलाया गया। इसके तहत 24 पशु पकड़ उन्हें रामनगरिया गोशाला में छोड़ा गया। त्योहारी सीजन को देखते हुए अभियान जारी रहेगा ताकि बाजारों में इन पशुओं के कारण कोई हादसा न हो। ठंड के मौसम में छाने वाले कोहरे में बेसहारा पशुओं से होने वाले हादसों को रोका जा सके। -जयवीर सिंह, सफाई निरीक्षक, नगर परिषद, सिरसा।