ऐलनाबाद। नगर पालिका में ठेका पर लगे सफाई कर्मचारियों को कम वेतन देने का मामला अब राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग पहुंच गया है। आयोग ने संज्ञान लेते हुए उपायुक्त को पत्र लिखकर इस मामले में उचित कार्रवाई के बाद यथाशीघ्र तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रेषित करने का आदेश दिया है।
गौरतलब है कि नगर पालिका ने स्थायी सफाई कर्मचारियों की संख्या कम होने के चलते शहर के कुछ हिस्सों की सफाई का ठेका सिरसा की एक एजेंसी को दिया है। ठेकेदार इसका संचालन ऐलनाबाद के एक पार्षद प्रतिनिधि के साथ मिलकर कर रहा है। पार्षद प्रतिनिधि को टेंडर सबलेट करने पर कई ठेकेदारों ने आवाज उठाई थी और अधिकारियों को अवगत करवाया था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
यही वजह है कि अब पार्षद प्रतिनिधि व ठेकेदार सफाई कर्मियों को सरकार की ओर से निर्धारित वेतन से कम वेतन दे रहा है। टेंडर लेने के दौरान एजेंसी ने नगर पालिका को शपथपत्र दिया था कि सफाईकर्मियों को सरकार की ओर से निर्धारित वेतन दिया जाएगा। वेतन सभी कर्मचारियों के खाते में दिया जाएगा।
नगर पालिका सचिव रविंद्र सिंह ने ठेकेदार की पेमेंट में से दो लाख रुपये रोक ली और ठेकेदार को सफाईकर्मियों को पिछले दो माह का पूरा वेतन देने का आदेश दिया। इस आदेश के बाद भी ठेकेदार ने सफाई कर्मियों को नकद व निर्धारित वेतन से कम वेतन दिया। इस पूरे मामले को एक सामाजिक कार्यकर्ता ने राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग सहित विभिन्न उच्चाधिकारियों को प्रेषित कर दिया।
-पूर्व में सफाई का ठेका लेने वाली एजेंसी को एक नोटिस दिया था। इसका उन्होंने जवाब दिया है मगर नगर पालिका उनके जवाब से संतुष्ट नहीं हैं और उन्हें दोबारा नोटिस किया गया है। एजेंसी के जवाब आने के बाद जो भी उचित कार्रवाई बनेगी, वह की जाएगी।
- रविंद्र सिंह, सचिव, नगर पालिका, ऐलनाबाद।