अखिल भारतीय स्वर्णकार संघ के जिला प्रधान राजकुमार सोनी ने बताया कि 11 अप्रैल से सिरसा जिले के सभी स्वर्णकार अपने प्रतिष्ठान खोलेंगे और पूर्व की तरह कारोबार शुरू होंगे। जिले के कालांवाली, रानियां, ऐलनाबाद, डबवाली आदि स्वर्णकार संगठनों के प्रधानों व अन्य पदाधिकारियों से गहन विमर्श करने के बाद यह निर्णय लिया गया है। आगामी 23 अप्रैल से लोकसभा में बजट सत्र पुन: आरंभ हो रहा है और इस सत्र में एक्साइज ड्यूटी को लेकर कोई सकारात्मक संदेश आने की प्रबल संभावना है। एक मई तक सभी स्वर्णकार केंद्र सरकार के फैसले का इंतजार करेंगे और उसके बाद आगामी आंदोलन के लिए रणनीति बनाई जाएगी।
हड़तालियों के हौसले और जोश में नहीं आई कमी
सराफा कारोबारियों का आंदोलन करीब सवा महीने पार कर चुका है। लेकिन हड़तालियों के हौसले और जोश में कोई कमी नहीं आई है। वहीं हड़ताल को समाज के सभी वर्गों, राजनीतिक दलों और संगठनों का समर्थन मिल रहा है। रविवार को धरनास्थल पर अखिल भारतीय स्वर्णकार संघ के पूर्व प्रधान प्रभु सोनी ने यह बात कही। रविवार को धरनास्थल पर अखिल भारतीय स्वर्णकार संघ के उपाध्यक्ष सज्जन सोनी व कोषाध्यक्ष सोनू गोरीवाला ने अध्यक्षता की।
प्रभु सोनी ने समाज के सभी वर्गों से अपील की कि वे स्वर्णकारों का खुला समर्थन करें और इस संघर्ष में उनका साथ दें। जब तक केंद्र सरकार एक्साइज ड्यूटी का काला कानून वापस नहीं लेती, तब तक यह आंदोलन समाप्त नहीं होगा। उन्होंने कहा कि इस मसले पर सर्राफा व्यापार से जुड़ा हर कारोबारी एकजुट है और मिलकर संघर्ष कर रहा है। प्रभु सोनी ने पिछले करीब 40 दिनों से चल रही हड़ताल के दौरान दिल्ली जंतर-मंतर सहित अन्य बड़े प्रदर्शनों और रैलियों की सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वर्णकारों का आंदोलन नित नई रफ्तार पकड़ रहा है। महासचिव चंद्रशेखर सोनी ने कहा कि सिरसा के धरनास्थल पर लगभग सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि आए हैं और उन्होंने इस हड़ताल को खुला समर्थन दिया है।
उन्होंने शहर के लोगों द्वारा दिए गए समर्थन के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनसमर्थन से स्वर्णकारों के आंदोलन को मजबूती मिली है। रविवार की भूख हड़ताल में सीता राम सोनी, राजेश सोनी, रोहन सोनी, अंकुर सोनी और पिंटू सोनी शामिल हुए। वहीं स्वर्णकार सदस्यों का एक प्रतिनिधि मंडल डबवाली के लिए रवाना हुआ, जहां जगदीश कंडा के अंतिम अरदास में शामिल होकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
इस अवसर पर अखिल भारतीय स्वर्णकार विचार मंच के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष गजानंद सोनी, रूपराम सोनी, पूर्व अध्यक्ष बलवीर सोनी, स्वर्णकार समाज ट्रस्ट के प्रधान सुखविंद्र सोनी, सुभाष सोनी, देवेंद्र सोनी, सुरजीत सोनी, हरीश सोनी, जगदीश राय, बुग्गी सोनी, जगन्नाथ सोनी, हरीश सोनी, हरद्वारी लाल सोनी, अशोक सोनी, अंकुर सोनी, मुकेश सोनी, संदीप सोनी, उमेश सोनी, रणजीत सोनी, सुभाष सोनी, भूपेंद्र सोनी, सुरेश नारनौली, महावीर सोनी आदि मौजूद थे।