शहर में बदमाशों की हिम्मत इतनी बढ़ गई है कि मंगलवार आधी रात को सामान्य अस्पताल रोड से नाचते-गाते गुजर रही बारात पर 20-25 युवकों ने रॉड, बीयर की बोतलों और पत्थरों से हमला बोल दिया। बदमाशों ने बारातियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इस हमले में दूल्हे के सिर पर किसी ने रॉड से हमला किया, जिससे वह लहूलुहान होकर घोड़ी से नीचे आ गिरा।
इतना ही नहीं शादी के लिए बुक गए कमालिया भवन में जब बाराती जान बचाने के लिए घुसे तो वहां भी करीब एक घंटे तक हमलावरों ने जमकर उत्पात मचाया। हमलावरों ने धर्मशाला के कमरों के शीशे और दरवाजे तोड़ दिए और बारातियों पर पत्थर बरसाए। बारातियों के बस के भी शीशे तोड़ दिए। मौके से किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।
घायल दूल्हे अमित को सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। पुलिस उसके अभी तक बयान दर्ज नहीं कर सकी है। वहीं, मंगलवार रात को तो शादी नहीं हो सकी। इस वजह से बुधवार सुबह जेजे कॉलोनी निवासी दुल्हन हिना ने अस्पताल में आकर ही दूल्हे के साथ से मांग भरवाकर शादी की रस्म अदा की।
इस घटना से दिल्ली से आए बारातियों के साथ-साथ आम लोगाें में भी रोष है कि शहर के मुख्य स्थान और सड़क पर एक घंटे तक मारपीट होती रही, लेकिन पुलिस की गश्त कहीं भी दिखाई नहीं दी। दुल्हन के भाई का कहना है कि उन्होंने कुछ लोगों को शादी में नहीं बुलाया था। इसी रंजिश में बारात पर हमला किया गया है।
जेजे कॉलोनी निवासी संतरो देवी पत्नी खैरातीलाल की दो बेटियां हैं। छोटी बेटी हिना का रिश्ता दिल्ली स्थित पटेल नगर निवासी अमित पुत्र राजकुमार उर्फ राजू के साथ तय हुआ था और बड़ी बेटी ज्योति का रिश्ता जेजे कॉलोनी निवासी विनोद के साथ। दोनों की शादी 20 मई को होनी तय हुई। मंगलवार सुबह ज्योति की शादी हुई। रात को हिना की शादी होनी थी।
बारातियों के ठहरने और भोजन का प्रबंध सामान्य अस्पताल रोड स्थित कमालिया भवन में किया गया था। रात साढे़ 11 बजे दूल्हा अमित दिल्ली से बारात के साथ कमालिया भवन पहुंचा, जहां पर बारातियों ने बैंड-बाजे की थाप पर नाचना शुरू किया। दूल्हा अमित घोड़ी पर सवार हुआ। उसका जीजा सतीश और अन्य बाराती घोड़ी के आगे नाचते हुए दुल्हन के घर की ओर चल दिए। इतने में 20-25 युवकों ने पत्थर, बीयर की बोतलों और रॉड लेकर बारातियों पर हमला बोल दिया।
अस्पताल मेें दुल्हन ने मांग में भरवाया सिंदूर
दूल्हे के सिर पर गंभीर चोट लगने के कारण वह बेहोश हो गया। इस वजह से मंगलवार रात को शादी नहीं हो सकी। बुधवार सुबह दुल्हन हिना अपनी बहन ज्योति और जीजा विनोद के साथ अस्पताल में आई और अमित का हालचाल जाना। दुल्हन की मांग दूल्हे के हाथ से सिंदूर लगाकर भरवाई गई।
नहीं देखा ऐसा खौफ
सिविल अस्पताल में उपचाराधीन दूल्हे अमित कुमार के जीजा सतीश ने बताया कि उन्होंने अपनी जिंदगी में पहली बार बदमाशों की इतनी हिम्मत देखी कि सरेआम बारात पर एक घंटे तक हमला किया गया। इतनी देर तक बदमाश अपना खौफ फैलाते रहे, लेकिन कोई मदद को नहीं आया। हमलावर कौन थे वे नहीं जानते।
शादी में नहीं बुलाया तो बारात पर हमला
दुल्हन हिना के भाई नसीब ने बताया कि हमलावर युवक उनके मोहल्ले के ही रहने वाले हैं। नसीब के मुताबिक शादी समारोह में उन्होंने कुछ लोगों को निमंत्रण नहीं दिया था। इसी रंजिश के चलते उक्त लोगों ने बारातियों और दूल्हे पर हमला किया।
बाथरूम की टूंटियां तक उखाड़ डाली
धर्मशाला के चौकीदार रामरूप ने बताया कि मंगलवार को धर्मशाला में बारात ठहरी थी। 100-150 बारातियों के भोजन का प्रबंध धर्मशाला में किया गया था। देर रात को 25-30 युवक धर्मशाला में घुस आए। उनके हाथों में पत्थर, बीयर और शराब की बोतलें थीं।
उक्त युवक ने धर्मशाला में तोड़फोड़ शुरू कर दी और कमरों में बैठे बारातियों पर पत्थर बरसाए। धर्मशाला की खिड़कियों के दरवाजे तोड़ दिए गए। यहां तक की बाथरूम में लगी टूंटियां तक उखाड़ दी। चौकीदार रामरूप ने धर्मशाला के मैनेजर सुनील डूमरा को इसकी जानकारी दी। सुनील डूमरा ने मौके पर पहुंचकर पुलिस को घटना के बारे में बताया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटना का पूरा ब्यौरा दर्ज किया।
कार्रवाई के लिए बयान दर्ज होने का इंतजार
घटना की सूचना मिलने पर जेजे चौकी पुलिस प्रभारी सीताराम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। धर्मशाला मैनेजर सुनील डूमरा ने पुलिस को तोड़फोड़ का सारा हाल दिखाया। चौकी में तैनात एएसआई राजेश कुमार ने बताया कि वे बुधवार सुबह अस्पताल में घायल अमित के बयान दर्ज करने गए थे, लेकिन वह अनफिट था। परिवार के अन्य लोगोें ने भी पुलिस को कोई बयान दर्ज नहीं करवाए। घायल को होश आने के बाद उसके बयान दर्ज किए जाएंगे।