लूट के मामले में जानकारी देते पुलिस अधीक्षक।
ओढां। थाना क्षेत्र के गांव खाई शेरगढ़ में एक घर में हुई लूट की वारदात को सीआईए डबवाली ने सुलझाते हुए अंतरराज्यीय गिरोह के एक गुर्गे को काबू किया है। आरोपी की पहचान रानियां निवासी मनप्रीत उर्फ मन्ना के रूप में हुई है।
पुलिस गिरोह के अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। ओढां पुलिस ने तीन दिसंबर को गांव खाई शेरगढ़ निवासी प्रमोद कुमार के बयान पर तीन अज्ञात लुटेरों के खिलाफ दो दिसंबर की रात्रि उसके घर में घुसकर धारदार हथियारों के बल पर उसे व उसके परिवार के सदस्यों को बंधक बनाकर सोने-चांदी के आभूषण व नकदी लूटने के आरोप में केस दर्ज किया था।
पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने बताया कि इस मामले को सुलझाने में सीआईए स्टाफ डबवाली की एक स्पेशल टीम लगी हुई थी। टीम ने मामले में जांच-पड़ताल उपरांत आरोपी मनप्रीत को काबू कर पूछताछ की तो उसने अपने साथियों के साथ मिलकर घटना को अंजाम देना स्वीकार किया। पुलिस उसके साथियों की धर पकड़ के लिए छापेमार कार्रवाई कर रही है। आरोपी मनप्रीत के खिलाफ मारपीट, जान से मारने की धमकी देने, लूटपाट व चोरी के रानियां थाना में 4 मुकदमे दर्ज हैं। वहीं एक वर्ष पूर्व आरोपी ने सूरेवाला व हनुमानगढ़ क्षेत्र में भी चोरी की घटना को अंजाम दिया था।
आरोपियों की जेल में हुई थी दोस्ती, बाहर आकर शुरू की लूटपाट
काबू आरोपी मनप्रीत व उसके साथियों की जेल में दोस्ती हुई थी। तीनों ने जेल से बाहर आने के बाद लूटपाट व चोरी का धंधा शुरू कर दिया। सभी आरोपी अंतरराज्यीय गिरोह के गुर्गे हैं जो नशे व अन्य शौक की पूर्ति के लिए लूट, लड़ाई-झगड़ा व चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। इस गिरोह को जसवंत उर्फ जस्सी चलाता है। आरोपियों ने खाई शेरगढ़ में हुई इस लूट की घटना की रानियां में योजना बनाई थी। इसके बाद तीनों मोटरसाइकिल पर सवार हो कर खाई शेरगढ़ पहुंचे। पुलिस गिरोह के मुख्य सरगना जसवंत की तलाश कर रही है।