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सड़कों पर उतरे लोग, प्रदर्शन, हंगामा

Tue, 17 Nov 2015 01:29 AM IST
अमर उजाला सिरसा/ब्यूरो
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सिरसा जिले के लिए सोमवार का दिन बड़ा गहमा-गहमी वाला रहा। सिरसा में बुजुर्गों ने पेंशन पाने के लिए प्रदर्शन किया। वही खाल पर कब्जे की शिकायत को लेकर ग्रामीण डीसी से मिले।
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सिरसा में ही महिलाओं ने नए डिपो होल्डर पर अभद्रता करने का आरोप लगाकर पुराने को वापस लाने की मांग करते हुए प्रदर्शन किया। 

रानियां में बिजली किल्लत से जूझ रहे ग्रामीणों ने बिजली घर को ताला लगा दिया। वहीं नाथूसरी चोपटा में बढ़ी बिजली दरों के िख्ालाफ ग्रामीणों ने प्रदर्शन या और कर्मचारियों के सामने ही बिजली बिलों की होली जलाई।

सफेद मक्खी और अन्य बीमारियों से खराब फसल के मुआवजे के लिए ऐलनाबाद में किसानों ने एसडीएम कार्यलय में प्रदर्शन किया। उन्होंने मांगें न माने जाने पर बड़ आंदोलन की भ्ाी चेतावनी दी।
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ऐलनाबाद के गांव मौजूखेड़ा के पेंशन धारकों ने पेंशन न मिलने पर सोमवार को लघुसचिवालय में प्रदर्शन किया।  इस दौरान उन्होंने उपायुक्त को शिकायत देकर पेंशन दिलाने की गुहार की है।

उपायुक्त को सौंपी शिकायत में पेंशन धारकों नानूराम, मुख्त्यार सिंह, मलकीत सिंह, हाकम सिंह, भागीराम, लाभ सिंह,  जगत सिंह, हरदियाल सिंह, बुलाराम,  हरमीत सिंह, नथा सिंह, इकबाल सिंह, हरजिंद्र सिंह, दलीप सिंह, रेशम सिंह, भागीराम  आदि ने बताया कि उनके गांव में विधवा, बेसहारा, विकलांग की अनेक ग्रामीणों की पेंशन बनी है।

उन्होंनेे बताया कि उन्हें जुलाई-अगस्त-सितंबर-अक्तूबर व नवंबर माह की पेंशन अभी तक नहीं मिली है। उन्होंने बताया कि वे सभी गरीब परिवारों से हैं और उनका गुजारा पेंशन से ही चलता है।

उनकी आर्थिक स्थिति बहुत कमजोर है, जिसके कारण उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने उपायुक्त से गुहार लगाई की उन्हें  पेंशन समय पर दिलाई जाए, ताकि परेशानी का सामना न करना पड़े।

खाल पर कब्जे की डीसी से शिकायत
सिरसा। ऐलनाबाद के गांव भुर्टवाला के किसानों ने गांव के ही एक व्यक्ति द्वारा सरकारी खाल  पर कब्जा कर अपने खेतों में सिंचाई करने की शिकायत उपायुक्त से की है।

उपायुक्त को शिकायत करने आए किसान गुलाब सिंह, दान सिंह, लालचंद, हरदयाल सिंह, बगड़ावत सिंह, प्यारेलाल आदि ने बताया कि पिछले कुछ समय से उनके खेतों में सिंचाई के लिए आने वाले पानी के खाल पर गांव के ही एक व्यक्ति ने कब्जा किया है।

वह  खाल का पानी दूसरे किसानों को बेचता है। पानी न आने के कारण उनके सामने पेयजल का भी संकट पैदा हो गया है। उन्हें पानी न आने के कारण मजबूरन 500-500 रुपये में टैंकर खरीदने पड़ रहे हैं।

उन्होंने उपायुक्त से मांग की है कि उक्त खाल से कब्जा हटवाकर उन्हें उनके हिस्से का पानी दिलवाया जाए।

खारियां में ग्रामीणों ने जड़ा बिजली घर पर ताला
रानियां। क्षेत्र के गांव खारियां में बिजली कटौती को लेकर भड़के ग्रामीणों ने सोमवार को 33 केवी बिजली घर के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया।

उन्होंने कहा कि जब तक उन्हें पूरी बिजली नहीं मिलेगी तब तक वे ताला नहीं खोलेंगे। ग्रामीणों ने बताया कि पहले उन्हें 24 घंटे बिजली सप्लाई दी जाती थी।

बीते 13 नवंबर को बिजली बिल अधिक आने के कारण बिजली बिलों को आग के हवाले कर उन लोगों ने बिल न भरने का निर्णय लिया था।

इसके बाद अधिकारियों ने दिन में दो घंटे व रात्रि के समय 12 घंटे बिजली सप्लाई देनी शुरू कर दी। वहीं निगम के एसडीई संदीप मेहता ने बताया कि ताला लगाने से समस्या का समाधान नहीं हो पाएगा। ग्रामीणों को बिल भरना ही पड़ेगा।

नए डिपो होल्डर के खिलाफ महिलाओं ने किया प्रदर्शन
सिरसा। वार्ड नंबर 12 की महिलाओं ने सोमवार को खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के सामान्य अस्पताल के समीप स्थित पीआर सेंटर में प्रदर्शन किया। महिलाएं अपने क्षेत्र के डिपो होल्डर को हटाए जाने से नाराज थीं।

महिलाओं का कहना था कि डिपो होल्डर  पिछले 15-20 सालों से क्षेत्र में बेहतर ढंग से डिपो चला रहा था। राशन आने की सूचना वह लोगों को घर-द्वार जाकर देता था। 

हाल ही में यह डिपो किशन लाल से लेकर एक व्यक्ति को दे दिया है। महिलाओं का आरोप था कि नया डिपो होल्डर उपभोक्ताओं से सलीके से बात भी नहीं करता। कैलाश देवी ने कहा कि उसके साथ भी दुर्व्यवहार किया गया।

अमर सिंह ने कहा कि उसने राशन मांगा तो डिपो होल्डर ने उसके साथ अभद्र व्यवहार किया।  महिलाओं ने एक स्वर में कहा कि वे नए डिपो होल्डर से राशन नहीं लेंगी।

उनकी मांग थी कि पुराने डिपो होल्डर को बहाल किया जाए।  जब तक ऐसा नहीं होता, तब तक  इस डिपो का बहिष्कार जारी रहेगा।

किसान सभा ने किया एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन
ऐलनाबाद। सफेद मक्खी और अन्य बीमारियों से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा देने, किसानों व मजदूरों के कर्ज माफ करने के लिए कर्जा निपटारा बोर्ड गठित करने, डाॅ. स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने और बिजली के बढ़े रेट वापस लेने की मांग को लेकर सोमवार को अखिल भारतीय किसान सभा के कार्यकर्ताओं ने उपमंडलाधीश कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन किया। साथ ही मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।

सभा के जिला प्रधान सुरजीत सिंह ने कहा कि सरकार की किसान विरोधी नीतियों के कारण खेती घाटे का सौदा बन गई है। एक ओर किसान खेती के संकट से जूझ रहा था तो दूसरी ओर सरकार अपनी नीतियों से उसे मार रही है।

 प्रदर्शन में राजकुमार शेखुपुरिया, ओपी सुथार, राजेंद्र बालासर, भीम सिंह सरपंच, बलविंद्र सिंह, मदन मैहनाखेड़ा, लाधुराम, विजय नैन, जसकरण सिंह, साहबराम आदि थे।

कर्मचारियों के सामने ग्रामीणों ने जलाए बिजली बिल
नाथूसरी चोपटा। चोपटा खंड के गांव निरबाण में सोमवार को बिजली निगम द्वारा बिल जमा किए जाने थे। बिल भरवाने के लिए गांव में पहुंचे निगम के कर्मचारियों को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा।

ग्रामीणों ने बिल भरने की बजाय उनके सामने ही बिलों को जलाकर विरोध स्वरूप नारेबाजी शुरू कर दी।  ग्रामीण राहुल शर्मा, लालचंद भांभू, पवन शर्मा, लारा कस्वां, कमल, सन्नी सहारण, दानवीर शिल्लू, अजय कस्वां,  प्रदीप का कहना है कि एक तो इस बार फसलें उम्मीद से काफी कम हुई है वहीं दूसरी तरफ उन्हें फसलों के भाव नहीं मिले।

अब सरकार ने बिजली दरों में बढ़ोतरी करके गरीबों पर अत्याचार किया है। जब तक  बढ़ी हुई बिजली दरों को कम करके उसके मुताबिक बिल नहीं बनाएंगे तब तक वो बिजली बिल नहीं भरेंगे।
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