जाट आरक्षण को लेकर हिसार का मय्यड़ रेलवे ट्रैक बाधित होने से सिरसा के यात्रियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा है। प्रतिदिन आठ हजार यात्रियों के आवागमन से भरा रहने वाला स्टेशन शनिवार को सुनसान दिखा।
जिस कारण से सिरसा से हिसार तक चलने वाली पैसेंजर ट्रेन भी खाली दौड़ती रही। सिरसा रेलवे स्टेशन से राजधानी दिल्ली, रेवाड़ी-फाजिल्का, रेवाड़ी-बठिंडा, गंगानगर-रेवाड़ी व सिरसा-जींद रेलगाड़ियों का आवागमन सन्नाटा भरा रहा। सिरसा रेलवे स्टेशन को जाट आरक्षण आंदोलन के चलते पहले दिन ही लाखों का घाटा हुआ है।
शुक्रवार की शाम को जब जाटों ने मय्यड़ में रैल ट्रैक पर पड़ाव डाला उसके बाद ही हिसार से सिरसा होकर बठिंडा व फाजिल्का जाने वाली किसान एक्सप्रेस को रद्द कर दिया गया। रेवाड़ी से सिरसा आने वाली पैसेंजर ट्रेन भी रोक दी गई। दिल्ली से सिरसा आने वाली हरियाणा एक्सप्रेस रेलगाड़ी तय समय से ढाई घंटे की देरी से रात तीन बजे सिरसा स्टेशन पहुंची। रेलवे ने हरियाणा एक्सप्रेस को रोहतक से जाखल वाले रूट से सिरसा भेजा। साढ़े तीन बजे हरियाणा एक्सप्रेस सिरसा से हिसार वाया जाखल के रास्ते दिल्ली को रवाना हुई। इसके बाद रेवाड़ी से सिरसा आने वाली रेलगाड़ी पूरा दिन रद्द रही। पूरे दिन सिरसा से हिसार और बठिंडा की तरफ जाने वाली दो पैसेंजर रेल ही चलती रही।
दिन भर स्थिति यह थी कि रेलवे स्टेशन पर बैठे कर्मचारी भी यात्रियों की चहल-पहल न होने व प्लेटफार्म पर सन्नाटा हो जाने के कारण खास परेशान दिखे। खास बात यह है कि सिरसा से रेवाड़ी तक रेलमार्ग बस सेवा से काफी सस्ता व सुविधा जनक है जिसके कारण इस रूट पर रेलवे हर रोज चार हजार से अधिक सवारियों के आवागमन का लाभ उठाता है परंतु इस इस मार्ग के अवरुद्ध होने का खामियाजा यात्रियों के साथ रेलवे को भी उठाना पड़ रहा है।
अमृतसर एक्सप्रेस वाया रोहतक होकर आएगी
रेलवे ने एक्सप्रेस रेलगाड़ियों का रूट बदल दिया है। दिल्ली से सिरसा आने वाली किसान एक्सप्रेस वाया जाखल-हिसार होते हुए शनिवार रात को सिरसा पहुंचेगी। इसी प्रकार शनिवार को जयपुर से अमृतसर की ओर जाने वाली अमृतसर एक्सप्रेस वाया रोहतक, जाखल रूट से रविवार सुबह सिरसा पहुंचेगी। सिरसा रेलवे स्टेशन प्रशासन का कहना है कि रविवार सुबह को हरियाणा व किसान एक्सप्रेस सिरसा से अपने तय समय से दिल्ली की तरफ रवाना होगी।
दिल्ली नहीं जा सका
शनिवार को किसान एक्सप्रेस से सिरसा से दिल्ली जाना था। सुबह साढ़े सात स्टेशन पर पहुंचा तो पता चला कि हिसार के पास जाटों ने रेलवे ट्रैक बाधित किया हुआ है इस कारण यह रेलगाड़ी रद्द कर दी गई। रेलगाड़ी में दिल्ली जाने में 70 रुपये लगते है और बस में 250 रुपये खर्च करने पड़ते है। मेरे पास ज्यादा रुपये नहीं है। इसीलिए अब रविवार सुबह हरियाणा एक्सप्रेस से दिल्ली जाऊंगा।
अलोक रंजन, यात्री।
बस से जाना पड़ेगा
हांसी जाना था लेकिन सुबह जब स्टेशन पर पहुंचा तो हिसार जाने वाली एक्सप्रेस गाड़ी स्टेशन पर नहीं पहुंची। इसीलिए अब मजबूरन बस से जाना पड़ेगा। इससे जेब पर ज्यादा रुपये खर्च करने पड़ेंगे। रेलवे ट्रैक बाधित करना किसी समस्या का हल नहीं है बल्कि इससे
लोगों को भारी दिक्कत झेलने पड़ती है।
छबील दास, यात्री।
यहां नहीं पहुंच सके यात्री
सिरसा रेलवे स्टेशन से हजारों यात्री सीधा रेल से दिल्ली ,भिवानी, कलानौर, बवानी खेड़ा, दादरी, कौंसली, रेवाड़ी, हांसी, सातरोड नहीं जा सके।
जीआरपी ने गुप्तचरों को निगरानी में लगाया
हिसार के मय्यड़ में रेलवे ट्रैक बाधित होने के बाद से जीआरपी ने अपनेे गुप्तचरों को अलर्ट कर दिया है। सिरसा जीआरपी ने जाट बहुल मेहूवाला में गुप्तचर भेज दिए हैं। सभी जीआरपी थाना प्रभारियों को आदेश मिले है कि वे अपनी क्षेत्रों की कड़ी निगरानी रखें और किसी भी सूरत में रेलवे ट्रैक बाधित नहीं होने दें। सिरसा जीआरपी इंचार्ज सकतर सिंह ने शनिवार को अपने स्टॉफ के साथ मीटिंग करके पूरे क्षेत्र पर पैनी नजर रखने को कहा।
क्या कहना है स्टेशन मास्टर का
स्टेशन मास्टर अमर सिंह ने कहा कि ट्रैक बाधित होने से लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा है। रेलवे ट्रैक जाम होने से रेलवे को काफी आर्थिक नुकसान हो रहा है। जाटों को रेल यात्रियों को पेश आ रही समस्याओं के बारे में सोचना चाहिए।