ओढां थाना क्षेत्र के गांव खाईशेरगढ़ में शराब ठेके का मामला पिछले दो सप्ताह से प्रशासन के लिए गले की फांस बना हुआ है। इस मामले को लेकर लोग पांच बार जिला मुख्यालय पर धरना प्र्रदर्शन कर अधिकारियों से मिल चुके हैं, लेकिन प्रशासन अभी तक इस मामले का कोई हल नहीं निकाल पाया। मंगलवार को गांव से काफी महिलाएं और पुरुष जिला मुख्यालय पर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए।
गौरतलब हो कि सोमवार को एसडीएम सिरसा ने आबकारी विभाग को इस समस्या के शीघ्र समाधान के आदेश दिए थे। जिसके बाद निर्णय ये हुआ था कि ठेकेदार और लोगों की गठित कमेटी मंगलवार को इस विषय में फैसला लेगी। मंगलवार को आबकारी विभाग ने एसडीएम के समक्ष दलील दी कि शराब ठेका विभागीय नियमानुसार है लेकिन लोगों का कहना था कि ठेका आबादी में आने के कारण नियमों के विरुद्ध है। जहां एसडीएम ने कमेटी की बातें सुनने के बाद आबकारी विभाग को सख्त निर्देश दिए की इस मसले को लंबा न खींचकर तुरंत सुलझाएं। लोगों के इस संघर्ष में कई सामाजिक संगठन भी उनक ी आवाज बुलंद करने के लिए समर्थन में उतर आए हैं।
एसडीएम ने लगाई आबकारी विभाग को फटकार
लोगों की सुनने के बाद एसडीएम विजेंद्र सिंह ने आबकारी विभाग के अधिकारियों को कार्यालय में बुलाकर कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि इस मामले को लंबा न खींचें। जिस पर आबकारी विभाग ने दलील देते हुए कहा कि ठेका नियमानुसार है और उन्होंने इस मामले को लेकर अनेक बार ग्रामीणों और पंचायत से बात की, लेकिन फिर भी समस्या का हल नहीं निकला। इस बात पर एसडीएम ने विभाग को फटकार लगाते हुए कहा कि अगर इस मामले में गांव में कोई विवाद या अनहोनी होती है तो इसके लिए आप जिम्मेवार होंगे। जिसके बाद आबकारी विभाग बीडीपीओ और पुलिस को लेकर गांव में पहुंचा। जहां कई जगहों का निरीक्षण किया गया।
लोग बोले ठेका उठने के बाद ही हम उठेंगे
दो सप्ताह में पांच बार अधिकारियों के कार्यालयों के चक्क र काटने उपरांत मंगलवार को लोग उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि वे अपना धरना तभी उठाएंगे जब विभाग वहां से ठेका उठवाएगा। उन्होंने कहा कि अगर आबकारी विभाग अपनी जिद पर अड़ा हुआ है तो वे भी अपनी मांग पर अडिग है। लोगाें ने जिला मुख्यालय और गांव में दोनों तरफ मोर्चा खोल रखा है।
अधिकारियों ने किया पुन : निरीक्षण
एसडीएम विजेंद्र सिंह की फटकार के बाद आबकारी विभाग बीडीपीओ बड़ागुढ़ा और ओढां पुलिस को साथ लेकर ने गांव में पहुंचा। जहां उन्होंने लोगों से बातचीत की, लेकिन लोगों ने अपनी वही मांग दोहराते हुए कहा कि वे ठेका यहां पर किसी भी कीमत पर नहीं रहने देंगे। बताया जा रहा है कि बीडीपीओ ने ठेके के लिए खारिया रोड पर हड्डारोड़ी के पास जगह चयनित की, लेकिन ठेकेदार ने इंकार कर दिया। पिछले दो सप्ताह से चल रहे इस विवाद का कोई हल नहीं निकाले जाने के चलते प्रशासन की फजीहत हो रही है।
हमें जगह दे दें हम स्वयं ही विवाद नहीं चाहते
आबकारी विभाग का कहना है कि ठेका नियमों के मुताबिक है। और वह स्वयं कोई विवाद नहीं चाहता। विभाग का कहना है कि अगर लोगों को उक्त जगह पर ठेका गलत लगता है तो पंचायत आदि कोई भी इसके लिए अन्य स्थान पर जगह दें तो ठेका उक्त जगह शिफ्ट करवा देंगे, लेकिन कोई भी जगह देने के लिए तैयार नहीं है। आबकारी विभाग के मुताबिक ठेकेदार ने ठेके के लिए जब फ ीस भरी है तो उसे जगह मुहैया करवाना भी विभाग का काम है। उधर, बीडीपीओ बड़ागुढ़ा विकास यादव ने गांव में पहुंचकर पूरी स्थिति से अवगत होकर रिपोर्ट तैयार कर एसडीएम को भेज दी है।
देखिए इस मामले को लेकर हम खुद परेशानी में हैं, क्योंकि ठेकेदार ने फीस भरकर ठेका लिया है, लेकिन लोग जिद्द पर अड़े हुए हैं। हम लोगाें की परेशानी को देखते हुए ठेका अन्यत्र जगह शिफ्ट भी कर देंगे, लेकिन कोई भी जगह देने के लिए तैयार नहीं है। हम स्वयं इस मसले को सुलझाने में प्रयासरत हैं।
-बृजमोहन, एटीओ, आबकारी विभाग।
हां इस मसले को लेकर लोग कार्यालय में आए थे। इस बारे आबकारी विभाग और अन्य अधिकारियों से गांव में जाकर पूरी स्थिति देखकर रिपोर्ट मांगी थी। रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा कि समस्या कहां और कैसे उत्पन्न हो रही है। उम्मीद है कि से मसला शीघ्र ही सुलझ जाएगा।
-विजेंद्र सिंह हुड्डा, एसडीएम।