अब हेलमेट नहीं पहनने पर युवतियों के भी चालान काटे जाएंगे।
पहले महिला ट्रैफिक पुलिस नहीं होने के कारण युवतियों के चालान काटने में दिक्कत होती थी। शहर में सभी युवतियां बिना हेलमेट पहनी ही वाहन चलाती हैं।
ट्रैफिक पुलिस द्वारा बार-बार हिदायत देने के बाद भी हेलमेट नहीं लगाए जा रहे। ट्रैफिक पुलिस इंचार्ज यादविंद्र सिंह ने बताया कि ट्रैफिक पुलिस को एक एनजीओ (एएसआई) और चार महिला हेड कांस्टेबल की जरूरत है।
ट्रैफिक पुलिस की ओर से एसपी के पास प्रपोजल बनाकर भेज दिया गया है उम्मीद है कि जल्द से जल्द ट्रैफिक पुलिस में महिला कांस्टेबलों की ज्वाइनिंग हो जाएगी।
चालान काटने को बनाए 25 प्वाइंट
वहीं ट्रैफिक पुलिस की ओर से लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति सख्ती के लिए 25 चालान प्वाइंट बनाए गए हैं। यह चालान प्वाइंट पूरे शहर में अलग-अलग चौक-चौराहों और बाजारों में हैं।
ट्रैफिक पुलिस रोजाना औसतन 150 लोगों के चालान काट रही है। हैरानी की बात यह है कि इनमें एक भी युवती नहीं होती।
महिलाओं के सख्त कानून से डरी पुलिस
रोजाना शहर में करीब 150 चालान ट्रैफिक पुलिस की ओर से काटे जा रहे हैं मगर एक भी चालान किसी युवती का नहीं होगा।
जबकि नियम तोड़ने में लड़कों संग लड़कियों की भूमिका कहीं ज्यादा होती है। 100 में से 1 भी युवती हेलमेट नहीं पहनती।
यहां तक की कइयों की स्कूटी पर तो नंबर भी नहीं होता। महिलाओं के सख्त कानून ने पुलिस को भी अपनी ड्यूटी करने से रोक दिया है।
ट्रैफिक पुलिस भी इससे अछूती नहीं हैं यही कारण है कि बिना हेलमेट पहने युवतियों के चालान काटने में पुलिस कतराती रही है।
एसपी को भेजा है प्रपोजल
ट्रैफिक पुलिस की ओर से एक महिला एएसआई और चार महिला कांस्टेबल के लिए प्रपोजल भेजा गया है। उम्मीद है कि जल्द ही ट्रैफिक पुलिस में महिला कर्मचारी भी नियुक्त होंगी।
यादविंद्र सिंह, इंचार्ज, ट्रैफिक पुलिस सिरसा