पहाड़ी क्षेत्र में बारिश के बाद घग्गर में जलस्तर बढ़ने लगा है है। शुक्रवार शाम सात बजे सिरसा के ओटू हेड में जलस्तर 11003 क्यूसेक दर्ज किया गया। हालांकि शुक्रवार सुबह चार बजे घग्गर का जल स्तर बढ़ने पर गांव सहारणी और मल्लेवाला के बीच छोटे बांध टूट गए और पानी मुख्य तटबंध को जा लगा। ये छोटे बांध किसानों ने अपनी जमीन को पानी से बचाने के लिए बनाए थे। इससे घग्गर के तटबंधों के बीच आने वाली किसानों की करीब 500 एकड़ जमीन जलमग्न हो गई।
पानी मुख्य तटबंधों को छू लेने के बाद प्रशासन तटबंधों की मरम्मत में जुट गया। गांव रंगा, लहंगेवाला, मुसाहिब वाला, मत्तड़, नागोकी, पनिहारी, बुढाभाना, फरवाई कलां, नेजाडेला खुर्द, सहारणी आदि गांवों के पास से होकर गुजरती घग्गर नदी में बारिश के बाद जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। गांव मल्लेवाला व सहारणी के मध्य पानी घग्गर की मुख्य धारा से बाहर निकलने पर किसानों द्वारा बनाए छोटे छोटे बांध टूट गए। छोटे बांध टूटने से करीब 500 एकड़ धान आदि की फसल डूब गई तो वहीं खेतों में बने ट्यूबवेल व मकान क्षतिग्रस्त हो गए। छोटे बांध टूटने के बाद पानी घग्गर के मुख्य तटबंधों को छू गया है। इससे प्रशासन द्वारा जेसीबी मशीनों व ट्रैक्टरों द्वारा मिट्टी डाली जा रही है। स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने बुढाभाणा, रंगा, सहारणी, नेजाडेला खुर्द सहित अन्य गांवों में जेसीबी मशीनें उपलब्ध करवाई है। शुक्रवार को मल्लेवाला व सहारणी के मध्य छोटे बांध टूटने की सूचना पाकर बडागुढ़ा के बीडीपीओ वेदपाल सिंह और डीएसपी नर सिंह ने मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। प्रशासन द्वारा नेजाडेला खुर्द, बुढाभाणा व सहारणी के निकट कमजोर तटबंधों को जेसीबी की सहायता से मजबूत किया जा रहा है। वहीं पंचायतों व ग्रामीणों द्वारा भी प्रशासन को हर संभव सहयोग दिया जा रहा है। मौके पर मौजूद ग्राम सचिव प्रवीण कुमार ने बताया कि गांव रंगा केे निकट पानी खतरे के निशान पर है। उन्होंने कहा कि अगर जलस्तर बढ़ा तो तटबंध टूट सकता है। लेकिन प्रशासन की इस पर लगातार नजर है। बीडीपीओ वेदपाल सिंह ने बताया कि मल्लेवाला के निकट घग्गर का पानी तटबंधों को छू गया है, लेकिन स्थिति नियंत्रण मेें है।
ऐलनाबाद में आरजी पूल डूबे
घग्गर का जलस्तर लागतार बढ़ता जा रहा है, पिछले 10 घंटों में इसमें करीब 5 फुट तक बढ़ोतरी हुई है। वहीं प्रशासन व सिंचाई विभाग द्वारा प्रबंधन कार्य तेज कर दिए है। घग्गर के किनारे बसे गांवों के कोमल सिंह, भूपेन्द्र सिंह, ठाकुर सिंह, सुखदेव सिंह, रिछपाल सिंह, बलविन्द्र सिंह, गुरभेज सिंह ने बताया कि वे लोग सुबह से निरंतर बढ़ रहे पानी को देख रहे हैं । नदी का पानी इस कदर तेज है कि गत 10 घंटों में करीब 5 फुट तक जलस्तर बढ़ा है । जैसे -जैसे पानी बढ़ रहा है, उन लोगों की चिंता भी बढ़ रही है। ग्रामीणों ने तटबंधों की निगरानी के लिए ठीकरी पहरा शुरू कर दिया है।
कई गांवों का आपस में रास्ता टूटा
पानी का जलस्तर बढ़ने से घग्गर के दोनों ओर बसे गांवों का आपस में संपर्क टूट चुका है । सभी गांवों द्वारा घग्गर पार करने के लिए बनाए गए आरजी पूल डूब चुके हैं। ग्रामीणों को आने-जाने के लिएकई किलोमीटर दूर से होकर आवागमन करना पड़ रहा है ।
ये रहा जल स्तर
ओटू हेड, 11003
गुहला चीका, 46655
कोट्स---
घग्गर के तटबंध सुरक्षित है। घग्गर नदी में खेती करने वाले किसानों ने रिंग बांध बनाए थे, वे डूबे हैं। मुख्य तटबंध सुरक्षित है। स्थिति कंट्रोली में है।
एनके भोला, कार्यकारी अभियंता, घग्गर ब्रांच।
फोटो 28,29