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Sirsa News: आवारा कुत्तों के बधियाकरण के लिए योग्य एजेंसी खोजना नगर परिषद के बनी चुनौती

Mon, 28 Oct 2024 01:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
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गली में लेटा आवारा कुत्ता। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
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सिरसा। आवारा कुत्तों के काटने से दो साल में सैकड़ों शहरवासी घायल हो चुके हैं, लेकिन नगर परिषद टेंडर-टेंडर खेल रही है। शहर में आवारा कुत्तों के टीकाकरण व बधियाकरण के लिए योग्य एजेंसी खोजना नगर परिषद के लिए चुनौती बना हुआ है। प्रशासनिक अधिकारियों ने दो साल में अब सातवीं बार कुत्ते पकड़ने का टेंडर लगाया है।
जानकारी के अनुसार नागरिक अस्पताल में रोजाना 30 लोग रेबीज से बचाव का टीका लगवाने आते हैं। शहर में जहां रोजाना 12 से 15 नए मामले कुत्ते के काटने के आते हैं, तो जिले में कुत्तों के काटने के रोजाना मामले 40 तक रहते हैं। नागरिक अस्पताल और निजी अस्पतालों में आवारा कुत्तों के काटने पर लोग उपचार करवाते हैं। ऐसे में आवारा कुत्तों के टीकाकरण व बधियाकरण के लिए नगर परिषद ने वीरवार को सातवीं बार निविदा आमंत्रित की है। इससे पहले भी लोकसभा चुनावों से पहले निविदा आमंत्रित की गई थी। लेकिन कोई एजेंसी इन नियमों को पूरा नहीं कर पा रही थी।
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नगर परिषद के आंकड़ों के अनुसार शहर में 1,000 से 1,500 तक आवारा कुत्ते हैं। निविदा के 36 नियमों की सूची जारी की गई है। ठेका लेने वाली एजेंसी को इन नियमों को पालन करना होगा।



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कुत्ते के काटने पर लगते हैं चार टीके
कुत्ते के काटने पर पहला टीका तुरंत बाद, दूसरा टीका तीन दिन बाद, तीसरा टीका सात दिन बाद और चौथा टीका 28 दिन के बाद लगवाना होता है। सरकारी अस्पताल में रेबीज से बचाव का टीका 100 रुपये में लगाया जाता है, जबकि बीपीएल कार्ड धारक के लिए यह सेवा मुफ्त है। निजी अस्पतालों में यही टीका 600 से 700 रुपये में लगाया जाता है।
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यह हैं निविदा की मुख्य शर्तें

1. ठेकेदार को एक वर्ष के लिए टेंडर दिया जाएगा।
2. छह माह से कम उम्र के कुत्तों की नसबंदी नहीं होगी।
3. ठेकेदार टेंडर को सबलेट (किसी दूसरे को देना) नहीं कर सकेगा।
4. वेटरनरी चिकित्सक का प्रबंध ठेकेदार को अपने स्तर पर करना होगा।

5. कुत्तों के पकड़ने के साधन और दवाओं का प्रयोग ठेकेदार स्वयं करेगा।
6. कंपनी के पास एनिमल वेलफेयर ऑफ इंडिया का प्रमाणपत्र होना अनिवार्य है।
7. ठेकेदार को ठेका मिलने के बाद एक सप्ताह के अंदर इकरारनामा जमा करवाना होगा।
8. ठेकेदार जिन कर्मचारियों से कुत्ते पकड़वाने का काम करवाएगा, उन्हें इसका अनुभव होना जरूरी है।

9. कुत्तों को पकड़ने के दौरान कोई निर्दयता नहीं होनी चाहिए। सरकार के निर्देशानुसार ही एजेंसी कुत्ते पकड़ेगी।
10. सभी पकड़े गए कुत्तों का पंजीकरण किया जाएगा। ऑपरेशन के बाद कुत्तों को पकड़े गए स्थान पर छोड़ना होगा।


शहर में आवारा कुत्तों के टीकाकरण और नसबंदी के लिए निविदा आमंत्रित की गई है। सातवीं बार टेंडर लगाया गया है। नियमों के अनुरूप एजेंसी नहीं मिल पाने के कारण प्रशासन भी इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठा पा रहा है। -जयवीर सिंह, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर परिषद, सिरसा
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