सिरसा। बरनाला रोड से ट्रैफिक थाने को जाने वाली मुख्य सड़क के बीच दो मशीनें लगाकर जन स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी सफाई कर रहे थे। शुक्रवार को आलम यह था कि सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन को दरकिनार करते हुए सीवरेज मैनहोल में सफाई कर्मचारी उतरकर गंदगी निकाल रहा था। जब इसकी सूचना जन स्वास्थ्य विभाग के एसई डॉ. जसवंत सिंह को मिली तो उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाई। जिसके बाद आनन फानन में अधिकारियों ने सफाई एजेंसी को सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अवहेलना करने पर नोटिस जारी कर दिया और एजेंसी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी।
बता दें कि शुक्रवार को दोपहर 12 बजे के करीब बरनाला रोड से ट्रैफिक थाने की मुख्य सड़क पर मशीन लगाकर मैनहोल की सफाई की जानी थी। मशीन लगी हुई थी और तीन कर्मचारी बाहर खड़ेे थें। जबकि एक व्यक्ति अंदर गंदगी से भरे मैनहोल के अंदर काम कर रहा था। इतना ही नहीं, चार से पांच साल के दो बच्चे मैनहोल के पास घूम रहे थे। बार-बार वह मैनहोल में झांक रहे थें। जानकारी के अनुसार यह बच्चे काम करने वाले उन्हीं कर्मचारी के थे, जो उनके साथ आए हुए थे। कुछ लोगों ने फोटो खिंचकर एसई को भेज दी। फोटो भेजने के साथ ही उन्होंने विभागीय अधिकारियों को फटकार लगाई। 20 मिनट बाद ही कर्मचारी काम बंद कर चले गए।
कोई अधिकारी नहीं था मौके पर मौजूद
नियमानुसार जब भी सफाई का कार्य करवाया जाता है। विभाग की ओर से सुपरवाइजर या जेई मौके पर मौजूद होना चाहिए। लेकिन इस दौरान ऐसा कुछ भी नजर नहीं आया है। इसी कारण कर्मचारी सीवरेज में उतर कर सफाई कर रहे थे।
यह आदेश किए जारी
अधिकारियेां के जारी किए नोटिस के अनुसार चरखी दादरी के बाढ़डा की फर्म को पहले भी सुप्रीम की गाइडलाइन को दरकिनार करते हुए कर्मचारी सीवरेज लाइन में उतार चुकी है। जिसको लेकर नोटिस जारी किया गया था। फिर से 8 दिसंबर को एजेंसी की ओर से ऐसा ही मामला सामने आया है। ऐसे में एजेंसी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी और विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
मामला संज्ञान में आया था। एजेंसी को नोटिस जारी कर दिया गया है। एजेंसी पर कार्रवाई होगी, ऐसी लापरवाही एजेंसी का टेंडर भी रद्द किया जाएगा।
-डॉ. जसवंत सिंह, एसई, जन स्वास्थ्य विभाग