फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चोरी के आरोप से भड़के लोग बोले, पहले अधिकारियों और मंत्रियों से लिखवाकर लाओ कि वे चोरी नहीं करेंगे

Tue, 09 Aug 2016 12:20 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला सिरसा
विज्ञापन
विद्युत मीटर बाहर लगाने का विराेध्‍ा करते लाेग - फोटो : Bureau
विज्ञापन
रानियां रोड स्थित लखी तालाब मोहल्ला (वाल्मीकि मोहल्ला) में घरों से बिजली मीटर बाहर निकालकर खंभों पर पर लगाने के लिए भारी पुलिस बल के साथ पहुंचे बिजली निगम के अधिकारियों को दूसरी बार भी लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। दो दौर में अलग अलग अधिकारियों के साथ हुई वार्ता पूरी तरह से विफल रही। लोगों ने साफ कर दिया कि मीटर घर की दीवार पर लगाए जा सकते हैं खंभों पर नहीं। जब अधिकारियों ने कहा कि उन्हें लिखकर देना होगा कि वे बिजली चोरी नहीं करेंगे तो इतना सुनते ही लोगों विशेषकर महिलाओं ने खरी-खरी सुनाई।
विज्ञापन


नगर में इन दिनों घर में लगे बिजली के मीटर बाहर खंभों पर लगाने का कार्य जारी है। नगर के कुछ मोहल्लों में ही यह कार्य बाकी रह गया था। बिजली निगम के अधिकारियों ने पहले भी लखी तालाब मोहल्ला में मीटर घर से बाहर निकालकर खंभों पर लगाने का प्रयास किया था पर विरोध के चलते लौट आए थे। इस बार निगम के अधिकारी भारी पुलिसबल के साथ मौके पर पहुंचे और तय करके आए थे कि हर घर का मीटर खंभों पर लगा दिया जाएगा। जैसे ही टीम वाल्मीकि चौक पर पहुंची तो लोग मौके पर जुट गए और महिलाओं ने टीम को खरी-खरी सुनानी शुरू कर दी।

वैसे चारों ओर से पुलिस ने घेरा डाला हुआ और मौके पर बड़ी संख्या में महिला पुलिसकर्मी तैनात थे। इस बार नायब तहसीलदार संजीव कुमार डयूटी मजिस्ट्रेट के रूप में मौजूद थे। साथ में निगम के सिरसा सिटी एसडीएई रिपुनदीप सिंह, डिंग मंडी के एसडीई निरंजन सिंह, जेई हवा सिंह आदि थे। लोगों ने चारों ओर से घेरा डाले हुए थे और साफ शब्दों में कहा था कि घर के बाहर दीवार पर मीटर लगाना है तो लगा सकते हैं पर खंभों पर किसी भी सूरत में मीटर नहीं लगने दिया जाएगा। महिलाओं ने पूरी तरह से मोर्चा संभाला हुआ था। एसडीई रिपनदीप सिंह ने उच्चाधिकारियों से बातचीत कर बता दिया कि लोग किसी भी सूरत में मीटर बाहर नहीं लगने देंगे। इसके बाद में कार्यकारी अभियंता एसएस राय मौके पर पहुंचे।
विज्ञापन


दूसरी ओर विरोध कर रहे वाल्मीकि समाज के नेताओं ने अधिकारियों से साफ कह दिया कि जब दूसरे मोहल्लों में मीटर दीवार पर लगाए जा रहे हैं तो उनके मोहल्ले में भी मीटर दीवार पर ही लगाए जाएं। इसके साथ ही एसएस राय से चार पांच लोगों को बातचीत के लिए बुलाया। इसके बाद बिजली अधिकारियों और लोगों के बीच माता पाथरी देवी मंदिर में पंचायत हुई। काफी देर के बाद एसएस राय ने कहा कि अगर मीटर दीवार पर लगाए जाते है तो हर किसी को लिखकर देना होगा कि वे बिजली चोरी नहीं करेंगे।

इस पर अन्य लोग भड़क गए और एक बार को वार्ता ठहर गई। एनटी संजीव कुमार ने कहा कि जब माता के मंदिर में बैठकर कह रहे हो कि बिजली चोरी नहीं करोगे तो लिखकर देने में क्या हर्ज है। पर लोगों ने साफ इंकार कर दिया। इस बीच एक एसडीई ने कहा कि वाल्मीकि मोहल्ले में बिजली चोरी होती है तो महिलाएं भड़क उठीं और उन्होंने समाज के लोगों को चोर कहे जाने पर हंगामा किया। बाद में वार्ता विफल हो गई।  

पहले अधिकारियों और मंत्रियों से लिखवाकर लाओ कि वे चोरी नहीं करेंगे
मीटिंग के दौरान लोगों ने कहा कि वे निगम के विरोध में नहीं, मगर अधिकारी मीटर पोल पर लगाने के बजाए उनके घरों के आगे लगा दें। उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। इस पर बिजली निगम के अधिकारियों ने कहा कि ऐसे तो चोरी नहीं रुकेगी। आप लोग चोरी नहीं करोगे इसकी गारंटी दो। आप लिखकर दो की चोरी नहीं करेंगे। इस पर समाज के लोग भड़के गए। लोगों ने कहा कि आप उनके समाज को चोर मान रहे हो। पहले अधिकारियों और मंत्रियों से लिखवाकर लाओ की वे बिजली चोरी नहीं करेंगे। उसके बाद उनसे लिखवाना। इस बात पर दोनों पक्षों में बिगड़ गई और वार्ता विफल हो गई। तीन घंटे की वार्ता के बाद में अधीक्षण अभियंता आर के वर्मा और जिला राजस्व अधिकारी अमीचंद सैनी मौके पर पहुंचे पर बातचीत सिरे नहीं चढ़ सकी। लोगों ने कहा कि कानून सबके लिए समान होना चाहिए अगर एक मोहल्ले में मीटर दीवार पर लगाए गए है तो उनके मोहल्ले में क्यों नहीं। 

फिर बैरंग लौटना पड़ा टीम को
हालांकि इस बार बिजली निगम की टीम पहले से ही भारी पुलिस बल साथ लेकर गई थी, उसके बावजूद भी मोहल्लावासी नहीं माने। सोमवार को टीम ने जैसे ही दो मीटर पोल पर लगाए। वाल्मीकि मोहल्ले के सैकड़ों लोग घरों से बाहर निकलकर आ गए, जिसमें महिलाओं की संख्या भी काफी थी। महिलाओं ने टीम से कहा कि अगर उनके मीटर को किसी ने हाथ लगाया तो खैर नहीं होगी। लोगों की धमकी सुनकर टीम ने अपने कदम पीछे खींच लिए। इसकी सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई। सूचना पाकर सिटी एक्सईएन एसएस राय भी मौके पर पहुंचे। लोगों को  समझाने का प्रयास किया, मगर वे सफल नहीं हुए। उसके बाद निगम के एसई आरके वर्मा खुद मौके पर आए। आखिर में टीम ने बैरंग लौटने में ही भलाई समझी।

चार घंटे तक चली मीटिंग, नहीं माने लोग
एक्सईएन सिटी एसएस राय ने मौके पर पहुंच कर मोहल्लावासियों को समझाने के लिए मोहल्ले के गणमान्य लोगों के साथ मीटिंग की, जो करीब 4 घंटे तक चली, लेकिन मगर हर बार कोई नतीजा नहीं निकला। आखिर में एसई आरके वर्मा भी मौके पर पहुंच गए, लेकिन मोहल्लावासी नहीं माने। इसके बाद एसई ने अपने चीफ से बात की और सारा माजरा बताया। चीफ ने भी मीटर पोल पर ही लगाने के आदेश दिए। वार्ता सिरे नहीं चढ़ते देख एसई ने एक बार मामला लंबित ही छोड़ दिया और वापिस चलने का आदेश दिया।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें