संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। युवक के स्टडी वीजा पर कनाडा के टोरंटो शहर भेजने के नाम पर 16 लाख रुपये की ठगी करने के मामले में पुलिस ने ब्रिटिश ओवरसीज इंस्टीट्यूट के संचालक को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान सिरसा के रानियां रोड निवासी नवप्रिंस के रूप में हुई है।
पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने बताया कि इस संबंध में दक्षिणी दिल्ली की हरस्वरूप कॉलोनी हाल सिरसा के गांव भरोखां निवासी विनय कुमार सिविल लाइन थाना शिकायत दी थी। जांच के दौरान सिविल लाइन थाना की एक पुलिस टीम ने आरोपी नवप्रिंस को सिरसा के घंटाघर चौक क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। उन्होंने बताया कि आरोपी इमीग्रेशन के दो अन्य मामलों में भी वांछित है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मामले की जांच जारी है और जो भी व्यक्ति इस घटना में संलिप्त पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आमजन से आह्वान किया है कि स्टडी व वर्क वीजा का पत्राचार करते समय सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त इमीग्रेशन सेंटर संचालकों से ही संपर्क करें। इस दिशा में पूरी सावधानी बरतें।
इस प्रकार की ठगी
विनय कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि वह स्टडी वीजा पर विदेश जाने के लिए किंग एब्रॉड इंस्टिट्यूट पर तैयारी करता था। इस दौरान ब्रिटिश ओवरसीज इंस्टीट्यूट के संचालक नवप्रिंस का वहां आना-जाना था। नवप्रिंस कहता था कि उसने सैंकड़ों बच्चों को स्टडी वीजा पर विदेश भेजा है। यदि किसी बच्चे को विदेश जाना हो तो उससे संपर्क कर सकता है। इस दौरान विनय ने आईलेट्स क्लियर होने के बाद विदेश जाने के लिए नवप्रिंस से बातचीत की। नवप्रिंस ने विदेश से स्टडी वीजा की स्पॉन्सरशिप मंगवाने व फाइल जमा करवाने के नाम पर 14 मई 2023 को उससे 3 लाख 30 हजार रुपये जमा करवा लिए। इस प्रकार विनय उनके चंगुल में फंस गया। उसे गुमराह करके आरोपी स्टडी वीजा पर कनाडा भेजने के नाम पर 16 लाख रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दे दिया।