डबवाली रोड स्थित अस्पताल में मरीज की मौत के बाद वीरवार देर रात तक भारी हंगामा हुआ। मृतक के परिजन चिकित्सक पर उपचार में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए नेशनल हाईवे पर जाम लगाकर उसके खिलाफ केस दर्ज मांग करने लगे। हंगामे के बीच पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची तो प्रदर्शनकारी सीधा पुलिस से भी भिड़ गए और अधिकारियों से गाली-गलौज तक की। इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा, जिससे लोग भाग खड़े हुए। पुलिस में सर्व जाट संघ के जिलाध्यक्ष बिकल पचार को गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी के अनुसार गांव मल्लेकां निवासी 35 वर्षीय संजय कुमार 17 मार्च को सड़क हादसे में घायल हो गया था। पहले उसे सामान्य अस्पताल दाखिल करवाया गया। यहां से डॉक्टरों ने उसे पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन उसे उपचार के लिए डबवाली रोड स्थित एक अस्पताल में ले आए। वीरवार शाम को अस्पताल के चिकित्सक ने संजय कुमार को रेफर कर दिया। परिजन उसे लेकर दूसरे अस्पताल में गए तो वहां डॉक्टर ने बताया कि संजय की मौत हो चुकी है। परिजन शव लेकर वापस अस्पताल पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर ने उन्हें गुमराह किया। संजय की अस्पताल में मौत हो चुकी थी और इसके बाद डॉक्टर ने रेफर का ड्रामा रचा।
भारी हंगामे के बीच सर्व जाट संघ के प्रधान बिकल पचार व हरियाणा किसान मंच के प्रदेशाध्यक्ष प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा वहां पहुंचे और मृतक के परिजनों के समर्थन में अस्पताल समक्ष सड़क पर धरना दे दिया और हाईवे पर जाम लगा दिया। सूचना मिलने पर डीएसपी विजय कक्कड़, शहर थाना प्रभारी सुभाष बिश्नोई, सदर थाना प्रभारी राम सिंह व सीआईए प्रभारी राजा राम मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों को देखकर धरनारत लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। इस बीच वहां मौजूद एक नेता और अन्य लोगों ने पुलिस अधिकारियों को गालियां देनी शुरू कर दी। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज करना पड़ा जिससे सभी लोग भाग खड़े हुए। पुलिस ने इस बीच सर्व जाट संघ प्रधान बिकल पचार को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पुलिस ने शव को सामान्य अस्पताल पहुंचाया। शुक्रवार सुबह पुलिस प्रशासन ने अस्पताल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी।
पुलिस से हाथापाई करने पर जाट नेता गिरफ्तार
अस्पताल समक्ष नेशनल हाईवे पर जाम लगाने व पुलिस के हाथा पाई करने को लेकर पुलिस सर्व जाट संघ के प्रधान बिकल पचार को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस प्रवक्ता सुरजीत सहारण ने बताया कि नेशनल हाईवे जाम मामले में बिकल पचार नामजद आरोपी है जबकि 12 अन्य लोग हैं। पुलिस से हाथापाई करने में भी पचार सहित तीन के खिलाफ अभियोग दर्ज किया गया है। शुक्रवार दोपहर को बिकल पचार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट समक्ष पेश किया गया। मजिस्ट्रेट ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
दोनों पक्षों में हो गया समझौता
अस्पताल के डॉक्टर व मृतक के परिजनों के बीच समझौता हो गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है लेकिन कार्रवाई तो लिखित शिकायत के आधार पर ही होगी। वहीं, अस्पताल के डॉक्टर रजनीश का कहना है कि उन्होंने उपचार में कोई लापरवाही नहीं बरती। घायल की हालत काफी गंभीर हो गई थी और उन्होंने उसे रेफर कर दिया था।