सिरसा। जिले की मंडियों में धान की फसल से अट गई हैं। सड़कों पर धान पड़ा हुआ है। मंडी में व्यवस्था बनाने को लेकर मार्केट कमेटी के अधिकारियों और आढ़ती एसोसिएशन के हाथ, पांव फूल रहे हैं। इसके चलते आढ़तियों ने किसानों से तीन दिन तक मंडी में फसल न लेकर आने का आह्वान किया है। आढ़तियों की ओर से तीन दिनों तक मंडी में बोली भी बंद की गई है।
शहर में वीरवार को अनाज मंडी धान की आवक से भर गई। मंडी में आने जाने वाले रास्ते बंद हो गए। मंडी में मार्केट कमेटी के गेट के आगे भी धान की ढेरियां लगी नजर आईं। ऐसे में मंडी में धान का उठान करना एजेंसी के लिए चुनौती भरा बना हुआ है। इसी को देखते हुए तीन दिनों तक आढ़ती एसोसिएशन ने फसल की बोली नहीं करने का निर्णय लिया है। अब मंडी में उठान करवाई जाएगी।
वीरवार जिले की मंडियों में रही स्थिति
27,600 क्विंटल धान
5,020 किसानों के कटे टोकन
32,400 क्विंटल धान की हुई खरीद
जिला की मंडियों में 2,08,306 मीट्रिक टन धान की खरीद
उपायुक्त शांतनु शर्मा ने बताया कि जिला की विभिन्न मंडियों में खरीद एजेंसियों द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य पर 2,08,306 मीट्रिक टन (एमटी) धान की खरीद की जा चुकी है। कुल आवक में से खाद्य एवं आपूर्ति विभाग द्वारा 94,259 एमटी, हैफेड द्वारा 91,430 एमटी और हरियाणा वेयर हाउसिंग कारपोरेशन द्वारा 22,617 एमटी खरीदी की गई है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को खरीद प्रक्रिया एवं उठान में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि बड़ागुढ़ा मंडी में 5,996 एमटी, डबवाली मंडी में 35,727 एमटी, कालांवाली मंडी में 65,371 एमटी, फग्गु मंडी में 74,23 एमटी, रानियां मंडी में 7,738 एमटी, रोड़ी में 8,582 एमटी, सिरसा मंडी में 8,376 एमटी, सुरतिया मंडी में 6,610 एमटी, ओढां में 6,909 एमटी धान की खरीद दर्ज की गई।
तीन दिनों तक किसानों को फसल नहीं लाने की अपील की गई है। मंडी में बोली तीन दिन बंद रहे। मंडी में उठान करवाकर व्यवस्था बनाई जाएगी। - मनोहर मेहता, प्रधान आढ़ती एसोसिएशन, सिरसा।