वैक्सीनेशन अभियान को तेज करने के लिए एसएमओ की बैठक लेते उप सिविल सर्जन डॉ. बूधराम ।
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सिरसा। कोरोना वैक्सीनेशन लगाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से जागरूक तो किया जा रहा है। लेकिन स्कूलों में परीक्षाओं और छुट्टियां होने के कारण विभाग तय लक्ष्य तक नहीं पहुंच पा रहा। जिसके चलते रुटीन में चलने वाले वैक्सीनेशन सेंटरों पर पहुंचने वाले लाभार्थियों को ही वैक्सीन लगा पा रही है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक सप्ताह में अब तक पांच हजार लाभार्थियों को कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगाई जा चुकी है। जबकि विभाग की ओर से करीब 48 हजार लाभार्थियों को वैक्सीन लगाई जानी है।
निजी और सरकारी स्कूलों में अब तीसरी से नौंवी तक की परीक्षाएं चल रही है। ऐसे में विद्यार्थियों को वैक्सीन लगने के कारण बुखार व अन्य कोई परेशानी न हो इसके लिए स्कूलों ने स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों से संपर्क कर स्कूल शुरू होने के बाद वैक्सीन लगाने की बात कहीं है। शुरूआती दिनों में विभाग की ओर से स्कूलों में टीमों को भेजकर लाभार्थियों को वैक्सीन लगाई गई थी। लेकिन अब परीक्षाओं के चलते स्कूल प्रशासन की ओर से अभियान को रुकवाया गया है। हालांकि जो अभिभावक बच्चों को लेकर सेंटरों पर पहुंच रहे हैं उन लाभार्थियों को वैक्सीन लगाई जा रही है।
44 केंद्रों पर हर रोज लगाई जा रही है कोरोना से बचाव की वैक्सीन
स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्रतिदिन करीब 44 सेंटर पर 12 से 14 वर्ष के लाभार्थियों को कोरोना से बचाव की वैक्सीन लगाई जा रही है। इन केंद्रों पर पहली, दूसरी और बूस्टर डोज लगवाने वाले लाभार्थी की संख्या अधिक आ रही है। जबकि 12 से 14 वर्ष के लाभार्थी बेहद कम देखने को मिल रहे हैं। अभिभावक भी बच्चों की परीक्षाओं की चिंता के चलते उन्हें वैक्सीन नहीं लगवा रहे हैं। अभिभावक प्रेम कुमार, नरेश, सतनाम सिंह ने बताया जब उन्होंने कोरोना से बचाव की वैक्सीन लगाई थी तो उन्हें बुखार हुआ था। ऐसे में परीक्षा के दौरान अगर बच्चे को बुखार होता है तो परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
वर्जन
जिले के सभी सेंटरों पर कोरोना से बचाव की वैक्सीन लगाई जा रही है। स्कूलों में परीक्षा और छुट्टियों के चलते वैक्सीन लगाने के लिए टीमों को नहीं भेजा रहा है। एएनएम की ओर सर्वे किया जा रहा है और लाभार्थियों को वैक्सीन लगाई जा रही है।
-नीतिन सोमानी, इंचार्ज, टीकाकारण अभियान।