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सरकारी ऑक्सीजन प्लांट की उखड़ी सांसें, छह माह में एक भी दिन नहीं चल पाया

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ागरिक अस्पताल में लगाया गया ऑक्सीजन प्लांट। - फोटो : Sirsa
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सिरसा। कोरोना की आशंकित तीसरी लहर को देखते हुए सरकार की ओर से आठ माह पहले नागरिक अस्पताल में एक हजार लीटर प्रति मिनट की क्षमता वाला ऑक्सीजन प्लांट लगाने को मंजूरी दी गई थी। छह माह पहले प्लांट को अस्पताल में इंस्टॉल कर दिया गया। लेकिन अभी तक प्लांट से तैयार होने वाली ऑक्सीजन मरीजों तक नहीं पहुंच पा रही। जबकि दो माह पहले शहर के निजी अस्पतालों में स्थापित ऑक्सीजन प्लांट नियमित रूप से काम कर रहे हैं और ऑक्सीजन मरीजों तक पहुंचाई जा रही है। ऐसे में विभाग निजी अस्पतालों पर शिकंजा कस रहा है लेकिन खुद का तैयार किया गया प्लांट अभी शुरू नहीं हो पाया है।
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कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन की कमी के कारण मरीजों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। सरकारी और निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन खत्म होने के बाद रातों रात मरीजों को दूसरे अस्पतालों में रेफर किया गया। यहां तक की ऑक्सीजन के टैंकर लेने के लिए अधिकारियों को भी दूसरे जिलों तक पहुंचना पड़ा। कोरोना की तीसरी लहर की आशंका जताई जा रही है। लेकिन अभी तक ऑक्सीजन प्लांट की शुरूआत नहीं हो पाई। विभाग की ओर से ऑक्सीजन सिलिंडर बढ़ाने, बेड बढ़ाने और दवाईयों का पूरा स्टॉक होने के दावे किए जा रहे हैं। लेकिन डब्ल्यूएचओ की तरफ से तीसरी लहर को अधिक प्रभावी बताया जा रहा है। जिसके चलते मरीजों को इस बार ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
सबसे पहले डबवाली में लगा था ऑक्सीजन प्लांट, अब तक पड़ा है खराब
डबवाली स्थित अस्पताल में 500 लीटर प्रति मिनट की क्षमता वाला ऑक्सीजन प्लांट लगाया गया था। इसका ट्रायल भी पूरा हो गया। लेकिन अब मशीनों के उपकरणों में कमी के चलते प्लांट को बंद कर दिया गया है। लेकिन इसे भी ठीक नहीं करवाया गया। प्लांट पर काफी सारे रुपये खर्च होने के बाद भी यहां पर सिलिंडरों से मरीजों को ऑक्सीजन दी जा रही है। वहीं शहर के बड़े चार निजी अस्पतालों में दो माह पहले ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए हैं। इन सभी से अस्पताल ऑक्सीजन तैयार कर मरीजों को सुविधा दे रहे हैं।
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कोरोना की आंशकित तीसरी लहर को देखते हुए विभाग की तरफ से की गई तैयारी
उपकरण, पहले, अब
बेड, 701, 1212
वेंटिलेटर, 24, 36
सीएचसी पर बेड, 10, 30
डबवाली अस्पताल में बेड, 50, 100
ऑक्सीजन सिलिंडर, 70, 512
नागरिक अस्पताल में बेड, 90, 130
ऑक्सीजन प्लांट, 00, 02 एक प्लांट ट्रायल पर
ऑक्सीजन कंस्टेटर, 100, 231
पहले से बढ़ाई गई उपकरणों की संख्या
आशंकित कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए विभाग की ओर से अब नागरिक अस्पताल में आईसीयू वार्ड बनाया गया है। जिसमें करीब 15 बेड और सात वेंटिलेटर लगाए गए हैं। वहीं सीएचसी पर भी विभाग की ओर से बेडों की संख्या को बढ़ाया गया है। जिन पर मरीजों को दाखिल किया जा सकेगा। वहीं बच्चों के लिए पीडेयट्रिक वार्ड बनाया गया है यहां पर अभी 12 बेड लगाए गए हैं। लेकिन आवश्यकता पड़ने पर इसकी संख्या बढ़ाकर 36 कर दी जाएगी। हालांकि जिले में करीब तीन लाख 70 हजार बच्चे हैं।
कोरोना की आशंकित तीसरी लहर को देखते हुए स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ाया गया है। प्लांट से बनाई गई ऑक्सीजन के सैंपल लैब में भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट आने के बाद प्लांट से तैयार होने वाली ऑक्सीजन की सप्लाई मरीजों को देने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
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-डॉ. बुधराम, उप सिविल सर्जन, सिरसा।
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