जिले में विभिन्न स्थानों पर जाम लगाकर आंदोलन कर रहे प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए शनिवार रात को सेना की टुकड़ियां सिरसा पहुंच गई। रविवार दोपहर को सेना ने फ्लैग मार्च निकालना शुरू किया। सेना की गाड़ियां देखकर शहरवासियों में असुरक्षा की भावना दूर हुई।
रात को जब सेना की गाड़ियां सिरसा शहर में प्रवेश करने लगी तो जाट आंदोलनकारियों ने उनको रोक दिया। इसके बाद गाड़ियों का काफिला दूसरे रास्ते से शहर में घुसा। रविवार को विभिन्न थानों की पुलिस अपने-अपने क्षेत्र में जाम लगाकर सड़क पर बैठे आंदोलनकारियों के पास खड़ी रही।
प्रदेश के अन्य जिलों से आ रही हिंसक झड़पों व आगजनी की सूचनाओं से कारोबारी व आम जनता काफी चिंतित थी। सेना के फ्लैग मार्च के बाद शहरवासियों में विश्वास जगा कि सिरसा में शांति व्यवस्था कायम रहेगी। सेना के जवानों ने शहर में शहीद भगत सिंह स्टेडियम से महाराणा प्रताप चौक, बस स्टैंड, ओवर ब्रिज, डेरा सच्चा सौदा, गत्ता मिल, थेड़ मोहल्ला, गोशाला मोहल्ला, मटका चौक, पटेल चौक, रानियां चुंगी, तकनीकी संस्थान रोड, शिव चौक, सांगवान चौक, नगर पालिका कार्यालय, बाल भवन रोड में फ्लैग मार्च किया।
सिरसा में सेना का नेतृत्व लेफ्टिनेंट कर्नल मनीष चौहान कर रहे हैं। फ्लैग मार्च के दौरान उन्हेें जनता को विश्वास दिलाया कि सिरसा में अमन बना रहेगा।