सिरसा। युवक की डंडे से हमला कर हत्या करने के मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ने मंगलवार को सबूतों के अभाव में आरोपी मोरा फतेहपुर, जिला, वैशाली बिहार निवासी सिकंदर को बरी कर दिया है। आरोपी के खिलाफ ऐलनाबाद थाना पुलिस ने 20 अक्तूबर 2021 को केस दर्ज किया था।
मामले के अनुसार गांव मेहना खेड़ा निवासी भूप सिंह ने अपने भतीजे तरसेम लाल के साथ मिलकर राजेंद्र सिंह की जमीन हिस्से पर ली थी। दोनों खेत में बने कमरे में रहते थे। पड़ोस के खेत में मजदूर सिकंदर रहता था। तरसेम लाल की सिकंदर के साथ किसी बात पर कहासुनी हो गई थी। पुलिस को दिए बयान में भूप सिंह ने बताया था कि 19 अक्तूबर 2021 की रात वह तरसेम लाल के साथ कमरे में सोया हुआ था।
देर रात को सिकंदर डंडा लेकर आया और तरसेम लाल पर हमला कर दिया। इसके बाद सिकंदर मौके से भाग गया। वह घायल तरसेम लाल को ऐलनाबाद के एक निजी अस्पताल में ले गया। यहां डॉक्टर ने उसकी हालत गंभीर होते देख उसे सिरसा नागरिक अस्पताल रेफर कर दिया। अस्पताल में उपचार के दौरान तरसेम लाल की मौत हो गई। पुलिस ने भूप सिंह के बयान पर आरोपी सिकंदर के खिलाफ केस दर्ज कर 21 अक्तूबर 2021 को उसे गिरफ्तार कर लिया। मामले की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश राजन वालिया ने आरोपी सिकंदर को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया।